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सिस्टीन्यूरिया क्या है?

किडनी और मूत्राशय में अधिकांश तरह के प्रोटीन का इकठ्ठा होना और सिस्टीन नामक एमिनो एसिड का निर्माण सिस्टीन्यूरिया रोग की विशेषता है। चूंकि किडनियां मूत्र बनाने के लिए रक्त फ़िल्टर करती हैं, इसलिए सिस्टीन आम तौर पर रक्त प्रवाह में अवशोषित हो जाता है। सिस्टीन्यूरिया वाले लोगों के रक्त प्रवाह में सिस्टीन सही ढंग से पुन: अवशोषित नहीं हो पाता है, इसलिए यह एमिनो एसिड उनके मूत्र में मिलता रहता है।

यदि मूत्र किडनी में अधिक कंसन्ट्रेटेड होता है तो सिस्टीन क्रिस्टल बना लेता है। बड़े क्रिस्टल पथरी (स्टोन) बन जाते हैं जो किडनी या मूत्राशय में रह सकते हैं। कभी-कभी सिस्टीन क्रिस्टल किडनी में कैल्शियम अणुओं के साथ गठबंधन कर लेते हैं ताकि बड़े स्टोन का निर्माण कर सके।

ये क्रिस्टल और स्टोन मूत्र पथ में अवरोध पैदा कर सकते हैं और मूत्र के माध्यम से अपशिष्ट को खत्म करने की किडनी की क्षमता को कम कर सकते हैं। स्टोन बैक्टीरियल संक्रमण के लिए भी अनुकूल वातावरण प्रदान कर सकते हैं।

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सिस्टीन्यूरिया के लक्षण क्या हैं?

सिस्टीन्यूरिया के संकेत और लक्षण स्टोन के गठन का परिणाम होते हैं। सिस्टीन्यूरिया के लक्षणों में मतली, पेशाब में खून (हेमेटुरिया), पसली के नीचे दोनों तरफ दर्द, बार-बार मूत्र पथ में संक्रमण, क्रोनिक किडनी फेलियर इत्यादि शामिल हैं।

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सिस्टीन्यूरिया क्यों होता है?

सिस्टीन्यूरिया होने का कारण, आपको माता-पिता से विरासत में मिले दोषपूर्ण जीन होते हैं। आपके बच्चे भी फिर आपसे दोषपूर्ण जीन की एक प्रति प्राप्त कर लेते हैं। मूत्र में बहुत अधिक सिस्टिन के कारण सिस्टीन्यूरिया होता है। आम तौर पर, किडनी में प्रवेश करने के बाद अधिकांश सिस्टिन घुल जाता है और रक्त प्रवाह में वापस लौट आता है।

लेकिन सिस्टीन्यूरिया वाले लोगों में एक आनुवंशिक दोष होता है जो इस प्रक्रिया में हस्तक्षेप करता है। नतीजतन, सिस्टीन मूत्र में रहता है और क्रिस्टल या स्टोन बनाता है। ये क्रिस्टल किडनी, मूत्रमार्ग या मूत्राशय में फंस सकते हैं। लगभग हर 7000 लोगों में से एक में सिस्टीन्यूरिया हो सकता है। 40 साल से कम आयु के युवा वयस्कों में सिस्टीन स्टोन सबसे आम समस्या है। लगभग 3% से कुछ कम मूत्र पथ के स्टोन सिस्टीन स्टोन होते हैं।

सिस्टीन्यूरिया का इलाज कैसे होता है?

सिस्टीन्यूरिया का इलाज आपके आहार में बदलाव, दवाओं और सर्जरी के द्वारा किया जा सकता है, जो सिस्टीन्यूरिया के कारण बनने वाले स्टोन का इलाज करने के विकल्प हैं।

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यदि सही तरीके से इलाज नहीं किया जाता है, तो सिस्टीन्यूरिया बेहद दर्दनाक हो सकता है और गंभीर जटिलताओं का कारण बन सकता है। इन जटिलताओं में स्टोन से किडनी या मूत्राशय की क्षति, मूत्र पथ में संक्रमण, किडनी में संक्रमण, मूत्र मार्ग में बाधा, किडनी से मूत्राशय में मूत्र को ले जाने वाली नली में बाधा इत्यादि शामिल हैं।

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  1. सिस्टीन्यूरिया की दवा - Medicines for Cystinuria in Hindi

सिस्टीन्यूरिया के लिए बहुत दवाइयां उपलब्ध हैं। नीचे यह सारी दवाइयां दी गयी हैं। लेकिन ध्यान रहे कि डॉक्टर से सलाह किये बिना आप कृपया कोई भी दवाई न लें। बिना डॉक्टर की सलाह से दवाई लेने से आपकी सेहत को गंभीर नुक्सान हो सकता है।

Medicine NamePack SizePrice (Rs.)
ArtaminArtamin 250 Mg Capsule141.31
AtrminAtrmin 250 Mg Capsule157.5
CilaminCilamin 250 Mg Capsule146.3
PenicitinPenicitin 250 Mg Capsule145.0

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