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जब आप दूषित या खराब भोजन करते हैं, तब आपको फूड पाइज़निंग होती है। आमतौर पर फूड पाइज़निंग की वजह से पेट से संबंधित समस्याएं होती हैं। फूड पाइज़निंग में पेट में ऐंठन, मतली और उल्टी के लक्षण महसूस हो सकते हैं। इसके अलावा फूड पाइज़निंग की वजह से आपको हल्का बुखार भी हो सकता है।

लेकिन ध्यान रहे फूड पाइजनिंग की वजह से हमेशा पेट दर्द हो ऐसा जरूरी नहीं है। आप संक्रमण, दवाईयों के दुष्प्रभाव और बहुत अधिक शराब पीने की वजह से भी बीमार हो सकते हैं। यदि आपने न तो अधिक शराब पी है और न ही किसी प्रकार की दवाई खाई है, लेकिन इसके बावजूद आप बीमार हो गए हैं, इसका मतलब आप किसी वायरस के चपेट में आ गए हैं या आपको फूड पाइज़निंग हुआ है। हालांकि, इन दोनों के बीच के अंतर का पता लगाना बहुत अधिक मुश्किल होता है।

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यदि आपको फूड पाइज़निंग हो गयी है तो आप इससे बहुत अधिक परेशान न हों। इसका इलाज आप कुछ उपायों को अपना कर घर पर ही कर सकते हैं। इसके अलावा आपको फूड पाइज़निंग में क्या खाना चाहिए और क्या करना चाहिए इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए। हालांकि, जब हालत बहुत अधिक गंभीर हो तो आपको अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

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  1. फूड पाइज़निंग में क्या खाना और करना चाहिए - Food poisoning me kya khana aur karna chahiye
  2. फूड फाइज़निग में क्या नहीं खाना चाहिए - Food poisoning ke dauran kya nahi khana chahiye
  3. फूड पाइज़निग के अन्य उपाय - Food poisoning ke anya upay

फूड पाइज़निंग में सबसे पहले अपने पेट को आराम पहुंचाने के तरीके को अपनाना चाहिए। फूड पाइज़निंग में आपको उल्टी, दस्त और पेट से संबंधित समस्याएं होती हैं। इसलिए डॉक्टरों का मानना है कि ऐसी स्थिति में आपको कुछ घंटों तक भोजन नहीं करना चाहिए और न ही पेय पदार्थ पीना चाहिए।

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  1. फूड़ पाइज़निंग में घरेलू उपाय का इस्तेमाल करें - Food poisoning me gharelu upay ka istemal kare
  2. फूड पाइज़निंग में अधिक से अधिक तरल पेय पदार्थ पीएं - food poisoning me adhik se adhik taral pay padarth piye
  3. फूड पाइज़निंग में हल्का भोजन करें - Food poisoning me halka bhojan kare
  4. फूड पाइज़निंग में डॉक्टर से सलाह लें - Food poisoning me doctor se salah le

फूड़ पाइज़निंग में घरेलू उपाय का इस्तेमाल करें - Food poisoning me gharelu upay ka istemal kare

फूड पाइज़निग होने पर पाचन तंत्र को शुद्ध और मजबूत बनाने और बैक्टीरिया से छुटकारा पाने के लिए प्राकृतिक तरीके का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसलिए फूड पाइज़निग के दौरान दस्त की दवाईयां नहीं खानी चाहिए।

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इसलिए, जब स्थिति ज्यादा गंभीर हो जाए तब आपको अदरक की चाय पीनी चाहिए। अदरक आपके पेट के लिए सुखदायक माना जाता है। इसके बाद जब आप थोड़ा अच्छा महसूस करने लगे तब दही या प्रोबायोटिक्स कैप्सूल 2 हफ्ते तक ले सकते हैं। इन्हें खाने से आपके पेट में अच्छे बैक्टीरिया का निर्माण होगा और आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता और पाचन क्रिया में भी सुधार होगा।

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फूड पाइज़निंग में अधिक से अधिक तरल पेय पदार्थ पीएं - food poisoning me adhik se adhik taral pay padarth piye

तरल पेय पदार्थ आपके पेट को आराम पहुंचाता है एवं पेट में विषाक्त पदार्थों से लड़ने में मदद करता है। फूड पाइज़निग में उल्टी और दस्त की समस्या होती है, जिसकी वजह से आपके शरीर में पानी की कमी होती है। इसलिए थोड़ा-थोड़ा करके बार-बार पानी पीना आपके लिए लाभदायक साबित होता है। इसके अलावा ठोस खाद्य पदार्थ की जगह पर आप तरल खाद्य पदार्थ खाएं। स्पोर्ट्स ड्रिंक फूड पाइज़निंग में बहुत लाभदायक है, क्योंकि इसमें इलेक्ट्रोलाइट्स होता है, जो आपको हाइड्रेट रखने में मदद करता है।

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फूड पाइज़निंग में हल्का भोजन करें - Food poisoning me halka bhojan kare

जब आपको महसूस होने लगे कि आपकी स्थिति सुधार गई है, तब आपको ऐसे खाद्य पदार्थों का चुनाव करना चाहिए, जो आसानी से पच जाए। इसके अलावा आप अधिक वसा और अधिक फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों को न खाएं। अधिक फैट युक्त खाद्य पदार्थों को पचाना बहुत मुश्किल होता है। इसलिए ऐसे खाद्य पदार्थों को ना खाएं।

निम्न खाद्य पदार्थ आपके पेट के लिए आरामदायक होते हैं -

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फूड पाइज़निंग में डॉक्टर से सलाह लें - Food poisoning me doctor se salah le

फूड पाइज़निग के दौरान बहुत से लोगों को लगता है कि डॉक्टर से सलाह लेने की कोई जरूरत नहीं है। लेकिन आप इस बात का ध्यान रखें कि जब इसके लक्षण आपको अधिक दिनों तक परेशान करने लगे, तब डॉक्टर से जरूर सलाह लें।

निम्न लक्षण महसूस हो तो डॉक्टर से सलाह लें -

  • दिन में दो बार से अधिक उल्टी या दस्त होना (और पढ़ें - दस्त में क्या खाना चाहिए)
  • जब आप तेज बुखार महसूस करें
  • जब आप डिहाइड्रेशन (निर्जलीकरण) के लक्षण महसूस करें
  • जब आपके मल का रंग काला हो

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फूड पाइज़निग के दौरान आपका शरीर पहले से ही कमजोर हो जाता है। ऐसी स्थिति में आपको हानिकारक खाद्य पदार्थों को नहीं खाना चाहिए। इसलिए ऐसे खाद्य पदार्थों को न खाएं जो आपके पेट और पाचन के लिए नुकसानदायक हों।

फूड पाइज़निग में निम्न खाद्य पदार्थों को न खाएं -

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उल्टी होने के बाद कम से कम 1 घंटे के बाद ही ब्रेश करें। उल्टी के दौरान आपके पेट से एसिड बाहर निकलता है, जो आपके दातों को कमजोर बनाता है। उल्टी होने के बाद आप ब्रेश करने की बजाय पानी और बेकिंग सोडा को मिलाकर इस मिश्रण से कुल्ला करें।

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शावर करने से आपके शरीर से अस्वस्थ बैक्टीरिया साफ हो जाते हैं। इसके अलावा फूड पाइज़निग के दौरान अधिक से अधिक आराम करें। अधिक से अधिक आराम करने से आप जल्दी ठीक हो जाते हैं।

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