myUpchar प्लस+ के साथ पूरेे परिवार के हेल्थ खर्च पर भारी बचत

वीएलडीएल टेस्ट क्या है?

वेरी लो डेंसिटी लिपोप्रोटीन या वीएलडीएल टेस्ट रक्त में वीएलडीएल की मात्रा की जांच करने के लिए किया जाता है।

लिपोप्रोटीन शरीर के विभिन्न भागों तक लिपिड को पहुंचाने का काम करते हैं। हर लिपोप्रोटीन ट्राइग्लिसराइड्स, कोलेस्ट्रॉल और प्रोटीन की अलग-अलग मात्रा से मिलकर बना होता है। वीएलडीएल में ट्राइग्लिसराइड्स अधिक मात्रा में होता है और यह धमनियों में प्लाक जमने से संबंधित होता है। इस टेस्ट का दूसरा नाम वीएलडीएल-सी है।

  1. वीएलडीएल टेस्ट क्यों किया जाता है - VLDL Test Kyu Kiya Jata Hai
  2. वीएलडीएल टेस्ट से पहले - VLDL Test Se Pahle
  3. वीएलडीएल टेस्ट के दौरान - VLDL Test Ke Dauran
  4. वीएलडीएल टेस्ट के परिणाम क्या बताते हैं - VLDL Test Ke Parinam Kya Batate Hain

वीएलडीएल टेस्ट किसलिए किया जाता है?

वीएलडीएल टेस्ट की सलाह हृदय रोगों के खतरे की जांच करने के लिए दी जाती है क्योंकि वीएलडीएल का बढ़ा हुए स्तर कोरोनरी हार्ट डिजीज का कारण बन सकता है।

डॉक्टर कोरोनरी रिस्क प्रोफाइल के एक भाग के रूप में भी यह टेस्ट करवाने को कह सकते हैं। यह टेस्ट आमतौर पर अकेले करवाने को नहीं कहा जाता, लेकिन लिपिड प्रोफाइल के रिजल्ट के साथ करवाने को कहा जा सकता है। स्वस्थ लोगों में हृदय रोगों के खतरे की जांच के लिए यह टेस्ट किया जाता है। लिपिड प्रोफाइल वयस्कों को हर 4 से 6 सालों में करवाने की जरुरत पड़ सकती है। वहीं बच्चों में 9 से 11 साल के बीच में एक बार और बाद में 17 से 21 साल के बीच में करवाना चाहिए। जिन लोगों को हृदय रोगों का खतरा होता है और जिनका हृदय रोग से संबंधित इलाज चल रहा होता है उन्हें इलाज का प्रभाव जानने के लिए यह टेस्ट करवाना पड़ सकता है। इस स्थिति से जुड़े कुछ खतरे हैं डायबिटीज, हाइपरटेंशन, अत्यधिक वजन होना या परिवार में किसी व्यक्ति को हृदय रोग होना।

वीएलडीएल टेस्ट की तैयारी कैसे करें?

व्यक्ति को टेस्ट करवाने से 9 से 12 घंटे पहले तक भूखा रहने को कहा जा सकता है। वह सिर्फ पानी पी सकते हैं। टेस्ट से 24 घंटे पहले तक शराब पीने से मना किया जाता है। डॉक्टर टेस्ट बिना भूखा रहे करने को भी कह सकते हैं। व्यक्ति को डॉक्टर के निर्देश का पालन करना चाहिए और डॉक्टर को यह बता देना चाहिए कि उन्होंने कुछ खाया है या नहीं।

वीएलडीएल टेस्ट कैसे किया जाता है?

वीएलडीएल टेस्ट करने से पहले एक ब्लड सैंपल लिया जाता है। ब्लड सैंपल हथेली के पिछले भाग या कोहनी के पिछले भाग की नस में सुई लगाकर लिया जा सकता है।

कुछ लोगों में ब्लड सैंपल लेने में कठिनाई हो सकती है, क्योंकि सबकी धमनियां और नसें आकार में अलग-अलग होती हैं। ब्लड सैंपल लेने से जुड़े कुछ संभव खतरे निम्न हैं:

वीएलडीएल टेस्ट के परिणाम क्या बताते हैं?

सामान्य वैल्यू हर लेबोरेटरी में अलग-अलग हो सकती है। व्यक्ति को अपने टेस्ट के सही रिजल्ट जानने के लिए डॉक्टर को रिपोर्ट्स दिखानी चाहिए।

  • सामान्य परिणाम:
    वीएलडीएल के सामान्य स्तर 2 से 30 mg/dL के बीच होते हैं।
     
  • असामान्य परिणाम:
    वीएलडीएल कोलेस्ट्रॉल के सामान्य से अधिक स्तर स्ट्रोक और हृदय रोगों के खतरे से संबंधित हो सकते हैं। हालांकि, यदि हाई कोलेस्ट्रॉल का इलाज किया जा रहा है, तो ज्यादातर मामलों में वीएलडीएल के स्तर पर ध्यान नहीं दिया जाता है।

बहुत सारी लेबोरेटरी वीएलडीएल का स्तर ट्राइग्लिसराइड्स के स्तर के आधार पर मापती हैं, क्योंकि वीएलडीएल को मापने का सीधा तरीका नहीं है।

और पढ़ें ...

References

  1. Stone NJ et.al. Treatment of blood cholesterol to reduce atherosclerotic cardiovascular disease risk in adults: synopsis of the 2013 American College of Cardiology/American Heart Association cholesterol guideline. Ann Intern Med. 2014 Mar 4;160(5):339-43. PMID: 24474185
  2. Russell La Fayette Cecil, Lee Goldman, Andrew I. Schafer. Goldman's Cecil Medicine,Expert Consult Premium Edition. Elsevier Health Sciences, 2012
  3. MedlinePlus Medical: US National Library of Medicine; VLDL test
  4. MSD mannual consumer version [internet].VLDL Cholesterol. Merck Sharp & Dohme Corp. Merck & Co., Inc., Kenilworth, NJ, USA
  5. Lab tests online. VLDL Cholesterol. American Association for Clinical Chemistry [internet].