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किसी भी प्रकार की प्राकृतिक और अप्राकृतिक घटना से कई गुना ज्‍यादा तबाही हवाई हमले से होती है। इतिहास गवाह है कि जब भी किसी जगह पर हवाई हमले हुए हैं उस जगह को फिर से संभलने में कई साल लग जाते हैं।

इस समय भारत और पाकिस्‍तान के बीच जंग की स्थिति बनी हुई है। हर देश के पास आधुनिक जंग में हवाई हमला एक सबसे सशक्‍त हथियार के रूप में उभर कर आया है। ऐसे में हम सबको ये पता होना चाहिए कि हवाई हमले के दौरान सुरक्षित रहने के लिए क्‍या करना चाहिए और हवाई हमला होने से पूर्व क्‍या तैयारियां करनी चाहिए। 

  1. क्या है हवाई हमला - Air Raid kya hoti hai
  2. हवाई हमले में क्या होता है - Air Raid me kya hota hai
  3. हवाई हमले से पहले की तैयारी - Air Raid se pehle kya taiyari karein
  4. हवाई हमले के दौरान क्‍या करें - Air Raid ke samay kya karein
  5. हवाई हमले के बाद क्‍या करें - Air Raid ke baad kya karein
  6. कैसे करें हवाई हमले के बाद नई शुरुआत - Hawai Hamle ke baad nayi shuruaat

इस प्रकार के हमले में एयरक्राफ्ट द्वारा लक्षित स्‍थान पर बम गिराए जाते हैं। एयर स्‍ट्राइक के लिए लड़ाकू विमान, बॉम्‍बर या लड़ाकू हेलिकॉप्‍टर का इस्‍तेमाल किया जाता है। ऐसे हमले मिलिट्री या देश के नागरिकों को नुकसान पहुंचाने के लिए किए जाते हैं।

अगर सावधानी ना बरती जाए तो अमूमन हवाई हमले से भारी जान-माल का खतरा रहता है। हवाई हमले के परिणाम भी सुनामी और भूकंप जैसे ही भयंकर होते हैं जोकि जान-माल को भारी नुकसान पहुंचाते हैं। 

हवाई हमला करने के दौरान हमलावर गुप्‍त रहने की पूरी कोशिश करता है। इसलिए हर देश के पास इस तरह के हमलों का पहले से ही अनुमान लगाने की क्षमता होनी चाहिए। इतिहास की सबसे पहली एयर रेड दिन के समय ही की गई थी लेकिन अब हमलावरों को बचाने और एंटी-एयरक्राफ्ट तोपों की वजह से हमालवर रात के समय ही आक्रमण करते हैं जैसे कि भारत ने बालाकोट में किया। रात के अंधेरे में हमलावर को पकड़ना या उसका पता लगा पाना काफी मुश्किल होता है।

हमलावर के दूसरे देश के क्षेत्र में घुसने के बाद एयर रेड को तुरंत अंजाम दिया जाता है। हवाई हमले के दौरान जमीन अचानक से मानवता के लिए सबसे खतरनाक जगह बन जाती है।

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हवाई हमले से पहले की तैयारी - Air Raid se pehle kya taiyari karein

पिछले कुछ सालों में काफी कुछ बदल चुका है। लड़ाकू विमानों की संख्‍या और क्षमता काफी बढ़ चुकी है और पहले की तुलना में इनसे काफी खतरनाक एवं घातक हमला किया जा सकता है। ऐसी स्थिति में हर व्‍यक्‍ति को पता होना चाहिए कि हवाई हमले के दौरान उसे क्‍या करना है और इस हमले से पहले उसे किस तरह की तैयारी करनी चाहिए।

  • एयर रेड से सुरक्षित आश्रय स्‍थलों की पहचान करें
    हवाई हमले से बचने के लिए सबसे पहले ऐसी जगहों की पहचान करनी चाहिए जो इस तरह के हमलों से सुरक्षित हों। ऐसी जगहों में बेसमेंट या अंडरग्राउंड स्‍टेशन आते हैं। इसके अलावा चट्टानों की सुरंगे और गुफाएं भी हवाई हमलों से सुरक्षित मानी जाती हैं। ब्रिटिश रिपोर्ट के मुताबिक प्रथम विश्‍वयुद्ध के दौरान कई शरणार्थी सुरक्षित रहने के लिए इस तरह की जगहों पर आश्रय लेते थे।

    अगर हवाई हमले के दौरान आप घर से कहीं बाहर हैं तो तुरंत सार्वजनिक शेल्‍टर ढूंढे। इस दौरान आप किसी अंडरग्राउंड जगह पर भी जा सकते हैं।
     
  • अपना खुद का एयर रेड शेल्‍टर बनाएं
    जिन देशों पर हवाई हमले का खतरा मंडराता है, वहां के लोग कभी-कभी अपना खुद का एयर रेड शेल्‍टर तैयार करते हैं। अगर आपके घर के पीछे या घर के अंदर पर्याप्‍त जगह है तो आप वहां पर अंडरग्राउंड शेल्‍टर बना सकते हैं।

    नागरिकों की जान बचाने के लिए सरकार द्वारा विभिन्‍न तरह के आश्रय स्‍थल मुहैया करवाए जाते हैं। हालांकि, इन जगहों पर काफी भीड़, गंदगी और असहजता होती है। ऐसी जगहों पर रहने पर आपको खाने की कमी और अव्‍यवस्‍था से भी जूझना पड़ सकता है। यहां तक कि ज्‍यादा नुकसान पहुंचाने के लिए हमलावर भी इस तरह की जगहों को ही निशाना बनाते हैं।

    अत: अगर आप अपने परिवार के साथ सुरक्षित रहना चा‍हते हैं तो अपने घर पर ही निम्‍न प्रकार के शेल्‍टर बना सकते हैं:
    • मॉरिस शेल्‍टर
      सन् 1941 में सबसे लोकप्रिय शेल्‍टर का आविष्‍कार हुआ था। मॉरिसन शेल्‍टर एक आयताकार (रैक्‍टैंगुलर) स्‍टील और जाल का पिंजरा है जिसमें दो लोग और दो बच्‍चे आ सकते हैं। हवाई हमले के दौरान किसी भी तरह के नुकसान से बचने के लिए ये सबसे आसान और सरल तरीका है।
    • अंडरग्राउंड बंकर्स
      अंडरग्राउंड बंकर्स न केवल आपको हवाई हमले से बचाते हैं बल्कि न्‍यूक्‍लियर अटैक, भूकंप तूफान आदि से भी रक्षा करते हैं। अगर आपके पास प्रबलित औद्योगिक कंटेनर के लिए एक बड़ा-सा बगीचा या लॉन है तो आप वहां पर इंजीनियरों या शेल्‍टर बिल्‍डर की मदद से अंडरग्राउंड बंकर बनवा सकते हैं। हमले की परिस्थिति के दौरान या हमले के बाद सब कुछ शांत होने तक आप अपने परिवार के साथ इस अंडरग्राउंड बंकर में सुरक्षित रह सकते हैं। बम शेल्‍टर में एमेरजेंसी फूड, फर्स्‍ट एड किट, कपड़े और अन्‍य जरूरी चीज़ों का प्रबंध करके रखें। ये सामान इतनी मात्रा में रखें कि एक महीने से अधिक समय तक चल सके।
       
  • प्राथमिक चिकित्‍सा किट (फर्स्‍ट एड किट) और जरूरत की चीज़ें
    • प्राथमिक चिकित्‍सा किट
    • खाद्य पदार्थ
      • डिब्‍बाबंद खाद्य पदार्थ
      • सूखे मेवे
      • चावल
      • इंस्‍टेंट नूडल्‍स
      • एमेरजेंसी फूड बकेट
      • सब्जियों के बीज
      • अन्य खाद्य फसलें जिन्‍हें इनडोर गार्डन में उगाया जा सके
    • अन्‍य जरूरी चीजें
      • पीने का पानी
      • कपड़े
      • रेडियो और बैटरी
      • एमेरजेंसी फोन
      • टॉर्च
हवाई हमले के दौरान क्‍या करें - Air Raid ke samay kya karein

अगर आपके आसपास या स्‍थानीय क्षेत्र में हवाई हमला हुआ है तो उस दौरान आप क्‍या करते हैं, इस बात पर ही आपकी किस्‍मत और भविष्‍य टिका होता है। ऐसी स्थिति में आपको निम्‍न सावधानियां बरतनी चाहिए:

  • खड़े होकर देखते न रहें
    इतिहास में ये साबित हो चुका है कि दुर्घटना या तूफान के मुकाबले एयर रेड 100 गुना ज्‍यादा घातक होती है। अगर आपके ऊपर से कोई जहाज़ गुज़रा है तो ऐसे में सबसे पहले छिपने के लिए कोई मजबूत जगह देखें। इस तरह के किसी भी हमले में एक-एक पल बहुत कीमती होता है इसलिए स्‍तब्‍ध होकर खड़े होने की बजाय अपनी सूझ-बूझ का इस्‍तेमाल करें।

    अगर बम कहीं दूर भी गिरा हो तो भी उसका असर मीलों तक रहता है और इसकी वजह से गंभीर चोट और यहां तक कि मौत भी हो सकती है। हवाई हमलों में ज्‍यादातर ना‍गरिकों को ही निशाना बनाया जाता है। बम गिराने की तस्‍वीरें लेने की बजाय अपनी जान बचाने की कोशिश करें।

    हवाई हमले के दौरान अपने घर में ही मौजूद किसी मजबूत चीज़ या वस्‍तु के नीचे छिप जाएं। मेज, सीढियां या बेसमेंट में छिप सकते हैं।
     
  • लड़ाकू विमानों से छिपना
    हवाई हमले दौरान बम गिराने के अलावा कई विमान लोगों को मशीन गन से अपना निशाना बनाने के लिए घूमते हैं। मशीन गन से 50 फीट की ऊंचाई से हमला करने पर भी घातक नुकसान होता है। 

    लंबे पेड़ों, घास, पत्‍थरों आदि से खुद को छिपाने की कोशिश करें। अगर आपने चमकीले कपड़े पहनें हैं तो इन्‍हें तुरंत बदल दें वरना आप हमलावरों की नज़र में आसानी से आ सकते हैं।
     
  • भीड़ में शामिल ना हों
    ज्‍यादा भीड़भाड़ वाली जगहों को सबसे ज्‍यादा निशाना बनाया जाता है। हवाई हमले के दौरान कई लोग सुरक्षित स्‍थान की खोज में इधर-उधर घूमते हैं। ऐसे में आप भीड़ में रहने की बजाय किसी सुनसान सुरक्षित स्‍थान की खोज करें। लड़ाकू विमान भीड़ पर सबसे पहले आक्रमण करते हैं। 

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एयर रेड का खतरा केवल हमले के दौरान ही सीमित नहीं होता बल्कि उसके बाद भी कई तरह के खतरे बने रहते हैं। आइए जानते हैं कि एयर रेड के बाद खुद को सुरक्षित रखने के लिए क्‍या करना चाहिए।

  • जो बम ना फटे हों उनसे भी खतरा रहता है 
    इतिहास में ऐसा कई बार देखा गया है कि हवाई हमले के दौरान गिराए गए कुछ बम फटते नहीं हैं बल्कि उसी जगह पर पड़े रहते हैं। किसी गड़बड़ी के कारण ये तुरंत फटते नहीं हैं लेकिन भविष्‍य में ये कभी भी फट सकते हैं। अगर आपको ऐसा कोई बम दिखे तो तुरंत सुरक्षा एजेंसियों को इसकी सूचना दें और इस तरह के बमों से दूर रहें।
  • कमजोर हुई इमारतों से दूर रहें 
    एयर रेड के कारण इमारतों को भारी नुकसान होता है। इसकी वजह से कई इमारतें ढह जाती हैं तो कुछ इमारतें खड़ी रहती हैं पर गंभीर रूप से कमजोर हो जाती हैं। ऐसी इमारतों से दूर ही रहने की कोशिश करें। अगर आपके घर की इमारत भी एयर रेड से प्रभावित हुई है तो उससे भी दूर रहें। जब तक किसी इमारत को सुरक्षित न घोषित कर दिया जाए उसमें न जाएं।

एयर रेड के कारण किसी भी इलाके या क्षेत्र को बहुत ज्‍यादा नुकसान हो सकता है। यह दुखदायी तो अवश्‍य है लेकिन इससे उभरना भी जरूरी और मुमकिन है। ऐसी स्थिति में सरकार और सहयोगी देशों से आर्थिक एवं मेडिकल सहायता तुरंत मुहैया करवाई जाती है।

शरणार्थी केंद्रों में नागरिकों के लिए खाने, पीने के पानी, दवाईयों, कपड़ों और अन्‍य मूलभूत जरूरतों को पूरा किया जाता है। सब कुछ शांत और सामान्‍य होने तक आप इन केंद्रों में आश्रय ले सकते हैं। 

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