न्यूकल ट्रांसकुलेंसी स्कैन क्या है?

न्यूकल ट्रांसकुलेंसी स्कैन को “एनटी स्कैन” भी कहा जाता है, जो एक स्क्रीनिंग (जांच करने वाला) टेस्ट होता है। इस टेस्ट को अक्सर गर्भावस्था के दौरान न्यूकल फोल्ड (Nuchal fold) की मोटाई व इसके अंदर कितना द्रव बना है आदि को देखने के लिए किया जाता है। गर्भ में पल रहे शिशु की गर्दन के पीछे की त्वचा को न्यूकल फोल्ड कहा जाता है। इस टेस्ट की मदद से भ्रूण में डाउन सिंड्रोम (Down syndrome) जैसे अनुवांशिक विकार होने के खतरे को निर्धारित किया जा सकता है। हालांकि एनटी स्कैन को शिशु की समस्याओं का पता लगाने वाली किसी निश्चित प्रक्रिया के रूप में उपयोग नहीं किया जाता है। आनुवंशिक समस्याओं का पता लगाने के लिए कुछ अन्य टेस्ट भी किए जा सकते हैं, जैसे एमनियोसेंटेसिस (Amniocentesis) और विलस सैंपलिंग (Villus sampling)। एमनियोसेंटेसिस, एम्नियोटिक द्रव पर किया जाने वाला टेस्ट होता है, जिसकी मदद से आनुवंशिक विकारों, गुणसूत्रों संबंधी असामान्यताएं और न्यूरल ट्यूब आदि संबंधित दोषों का पता लगाया जाता है। विलस सैंपलिंग टेस्ट के दौरान गर्भनाल की कोशिकाओं की जांच की जाती है, जिसकी मदद से आनुवंशिक स्थितियां और जन्म से ही होने वाली विकलांगता आदि का पता लगाया जाता है।

एनटी स्कैन के अन्य कई वैकल्पिक शब्द भी हैं, जैसे डाउन सिंड्रोम, न्यूकल ट्रांसकुलेंसी, न्यूकल फोल्ड टेस्ट, जेनेटिक स्क्रीनिंग और न्यूकल फोल्ड स्कैन आदि।

  1. न्यूकल ट्रांसलुसेंसी स्कैन कैसे किया जाता है - How the Nuchal Translucency Test is done in Hindi
  2. एनटी स्कैन क्यों किया जाता है - What is the purpose of NT Test in Hindi
  3. न्यूकल ट्रांसलुसेंसी स्कैन से पहले की तैयारी - How to prepare for Nuchal Translucency in Hindi
  4. एनटी स्कैन के परिणाम का क्या मतलब है - What do the results of NT Test mean in Hindi

एनटी स्कैन कैसे किया जाता है?

टेस्ट के दौरान महिला को अपनी शर्ट को ऊपर उठाने और वेस्टबैंड (कमर पर पहनी जाने वाली पट्टी) को निकालने के लिए कहा जा सकता है। यदि महिला ने कोई ड्रेस पहनी है, तो उसको अपने शरीर का निचला हिस्सा ढकने के लिए कोई कपड़ा भी दिया जा सकता है। जब मूत्राशय (ब्लैडर) पूरी भर जाता है, तो टेस्ट शुरू किया जाता है। टेस्ट के दौरान निम्न प्रक्रियाएं की जाती हैं:

  • सबसे पहले महिला को एक मेज पर पीठ के बल या एक करवट पर लेटने को कहा जा सकता है।
  • पेट पर एक विशेष प्रकार का जेल लगाया जाता है।
  • एक ट्रांसड्यूसर डिवाइस (एक प्रकार का उपकरण जो अल्ट्रासाउंड तरंगों को छोड़ता है) को जेल वाली त्वचा पर लगाया जाता है और उसे पेट पर धीरे-धीरे घुमाया जाता है।
  • ट्रांसड्यूसर डिवाइस पेट के अंदर की तस्वीरें लेता है, जिन्हें मॉनिटर पर देखा जाता है।
  • टेस्ट करने वाले डॉक्टर शिशु की गर्दन के पिछले हिस्से में जमा द्रव के गाढ़ेपन की जांच करते हैं।
  • जब एक बार टेस्ट पूरा हो जाता है, तो त्वचा से जेल को त्वचा से उतार दिया जाता है और महिला को पेशाब करने की अनुमति दे दी जाती है। 

इस टेस्ट प्रक्रिया में करीब 20 मिनट का समय लगता है, एनटी स्कैन से किसी प्रकार के जोखिम नहीं होते हैं।

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न्यूकल ट्रांसकुलेंसी स्कैन क्यों किया जाता है?

एनटी स्कैन आमतौर पर गर्भवती महिलाओं के लिए किया जाता है, खासकर उनके ग्यारहवें से चौदहवें हफ्ते के बीच में। यह टेस्ट शिशु में डाउन सिंड्रोम की जांच करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा एनटी टेस्ट की मदद से अन्य आनुवंशिक विकारों का भी पता लगाया जा सकता है, जैसे:

  • कन्जेनिटल हार्ट डिजीज: बच्चे के हृदय में संरचना संबंधी समस्याएं होना। 
  • ट्राइसॉमी 13: इस स्थिति को पटौ सिंड्रोम (Patau syndrome) भी कहा जाता है, इस स्थिति शिशु में एक 13 वां गुणसुत्र अतिरिक्त होता है जिससे जन्म के बाद उसको शारीरिक असामान्यता और अन्य मानसिक अपंगताएं हो जाती हैं।
  • टर्नर सिंड्रोम: यह समस्या सिर्फ मादा (लड़की) शिशु में होता है। इसमें शिशु सिर्फ एक “एक्स” (X) गुणसुत्र के साथ जन्म लेता है।
  • ट्राइसॉमी 18: यह एक ऐसी स्थिति है, जिसमें एक अतिरिक्त 18 वें गुणसुत्र के कारण शिशु में विकास संबंधी देरी होने लग जाती है। साथ ही शिशु भी असामान्य आकृति के शरीर के साथ पैदा हो सकता है, जैसे असामान्य रूप से चिपके हुए हाथ।

न्यूकल ट्रांसकुलेंसी टेस्ट से पहले क्या तैयारी की जाती है?

यह टेस्ट करवाने से पहले कोई विशेष प्रकार की तैयारी करने की जरूरत नहीं पड़ती है। डॉक्टर टेस्ट करने से पहले मरीज को पर्याप्त मात्रा में पानी व अन्य पेय पदार्थ पीने के लिए कहते हैं और टेस्ट से पहले पेशाब करने से मना करते हैं।

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एनटी स्कैन के रिजल्ट का क्या मतलब होता है?

जैसे-जैसे गर्भावस्था का समय बढ़ता रहता है उसके साथ-साथ न्यूकल ट्रांसकुलेंसी का माप भी बढ़ता रहता है। यदि किसी भ्रूण का उसकी उम्र के अन्य भ्रूणों के मुकाबले एनटी का माप अधिक आ रहा है, तो उसमें अनुवांशिक रोग होने का खतरा भी अधिक रहता है।

सामान्य परिणाम का मतलब:

न्यूकल ट्रांसकुलेंसी का सामान्य स्तर संकेत देता है कि शिशु में डाउन सिंड्रोम या अन्य किसी प्रकार का अनुवांशिक रोग नहीं है। नीचे न्यूकल फोल्ड के कुछ माप बताए गए हैं, जो संकेत देते हैं कि अनुवांशिक विकार होने का खतरा कम है:

  • 11 हफ्तों में 2 एमएम तक का माप
  • 13 हफ्ते और 6 दिन में 2.8 एमएम तक का माप

असामान्य परिणाम का मतलब:

शिशु की गर्दन के पिछले हिस्से में अधिक मात्रा में द्रव जमा होना संकेत देता है कि शिशु को निम्न रोग होने का काफी खतरा है: 

यदि एनटी स्कैन से असामान्य रिजल्ट प्राप्त हुऐ हैं, तो शिशु में किसी प्रकार की असामान्यता का पता लगाने के लिए कुछ अन्य टेस्ट भी किए जा सकते हैं, जैसे एमनियोसेंटेसिस।

न्यूकल ट्रांसलुसेंसी (एनटी) स्कैन से जुड़े सवाल और जवाब

सवाल 6 साल से अधिक पहले

मेरी उम्र 26 साल है। मैं प्रेग्नेंट हूं और मैंने अभी अपना एनटी स्कैन करवाया है। इसकी रिपोर्ट अभी तक आई नहीं है। मुझे बहुत बेचैनी हो रही है कि कही रिपोर्ट एब्नॉर्मल न हो या मेरे बच्चे को किसी तरह का खतरा न हो। मैं जानना चाहता हूं कि एनटी स्कैन का नॉर्मल रेंज कितना है?

Dr Anjum Mujawar MBBS, MBBS , आकस्मिक चिकित्सा

एनटी स्कैन गर्भवस्था की पहली तिमाही में 12 हफ्ते के गर्भकाल के दौरान किया जाता है। इस स्कैन से आनुवंशिक रूप से होने वाले खतरे का पता लगाया जा सकता है। अगर आपकी एनटी स्कैन रिपोर्ट में वैल्यू 2.18 है, तो इसका मतलब आपकी रिपोर्ट सामान्य है।

सवाल 6 साल से अधिक पहले

मेरी उम्र 32 साल है और मैं शादी के 5 साल बाद प्रेग्नेंट हुई हूं। मैं अपने बच्चे को लेकर किसी भी तरह का खतरा नहीं उठाना चाहती। मुझे अपना एनटी स्कैन करवाना है। क्या एनटी स्कैन को खाली पेट करवाया जाता है?

Dr. Tarun kumar MBBS , अन्य

जी नहीं, इस टेस्ट को करवाने के लिए आपको किसी विशेष तैयारी की जरूरत नहीं है। यह टेस्ट सिर्फ 30 मिनट के अंदर हो जाता है। इस टेस्ट के लिए सबसे पहले महिला को एक मेज पर पीठ के बल या एक करवट लेटने को कहा जा सकता है। पेट पर एक विशेष प्रकार का जेल लगाया जाता है, जिसके बाद अल्ट्रासाउंड डिवाइस को उसके ऊपर घुमाया जाता है और इस स्कैन को किया जाता है। यह स्कैन सुरक्षित है और यह किसी तरह का घातक रेडिशन नहीं छोड़ता है।

सवाल 6 साल से अधिक पहले

मैं प्रेग्नेंट हूं और मेरी प्रेगनेंसी को 12 हफ्ते होने वाले हैं। मेरी भाभी ने मुझे एनटी स्कैन करवाने के लिए कहा है। क्या यह टेस्ट जरूरी है?

Dr. Sangita Shah MBBS , सामान्य चिकित्सा

एनटी स्कैन एक स्क्रीनिंग (जांच करने वाला) टेस्ट होता है। इस टेस्ट को अक्सर गर्भावस्था के दौरान न्यूकल फोल्ड (Nuchal fold) की मोटाई व इसके अंदर कितना द्रव बना है आदि को देखने के लिए किया जाता है। गर्भ में पल रहे शिशु की गर्दन के पीछे की त्वचा को न्यूकल फोल्ड कहा जाता है। इस टेस्ट की मदद से भ्रूण में डाउन सिंड्रोम (Down syndrome) जैसे आनुवंशिक विकार होने के खतरे को निर्धारित किया जा सकता है। हालांकि, एनटी स्कैन को शिशु की समस्याओं का पता लगाने वाली किसी निश्चित प्रक्रिया के रूप में उपयोग नहीं किया जाता है।

सवाल 6 साल से अधिक पहले

मेरी उम्र 25 साल है और मेरी शादी हो चुकी है। अब हम प्रेगनेंसी के लिए प्लान कर रहें हैं। मैंने नेट पर एनटी स्कैन के बारे में पढ़ा था कि प्रेगनेंसी के दौरान यह टेस्ट करवाना चाहिए, लेकिन मैं यह नहीं जानती कि इस टेस्ट को प्रेगनेंसी के किस महीने में करवाना चाहिए?

Dr. OP Kholwad MBBS , सामान्य चिकित्सा

एनटी स्कैन गर्भवस्था की पहली तिमाही में 12 हफ्ते के गर्भकाल के दौरान किया जाता है। इस स्कैन को आप प्रेगनेंसी के 11 हफ्ते से 14 हफ्तों के बीच में करवा सकती हैं। आप प्रेगनेंसी प्लान करने से पहले गयनेकोलॉजिस्ट से मिलकर सलाह लें।

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