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वैसे तो बच्चों को हर समय ही माता पिता की जरूरत होती है। बच्चे अपने माता पिता के साथ जितना सुरक्षित महसूस करते हैं शायद ही उन्हें इतना सुरक्षित कहीं और महसूस होता हो। जितनी सुरक्षा माता पिता अपने बच्चे को दे सकते हैं, शायद ही कोई दे सकता हो। बच्चा कितना भी डरा सहमा क्यों न हो माता पिता के पास आते ही खुद को एकदम सहज महसूस करने लगता है। उसे अभिवावक के पास ही सुकून की नींद आती है। भागदौड़ भरी जिंदगी में अगर माता पिता रात का समय अपने बच्चों को देते हैं तो यह बहुत अच्छी बात है।

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पश्चिमी सभ्यता से प्रेरणा लेकर भारत में भी अधिकांश माता पिता बच्चे को पालने में ही सुलाते हैं लेकिन आज भी कई माता पिता ऐसे हैं जो अपने बच्चे को खुद से बिल्कुल भी दूर नहीं रखते। आज हम इस लेख के जरिए बात करेंगे कि बच्चों को माता पिता के पास सुलाने के क्या फायदे हैं?

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बच्चों को साथ में सुलाने के निम्नलिखित फायदे हैं:

  • माता पिता के साथ सोने वाले बच्चों में एसआईडीएस (सडन इन्फेंट डेथ सिंड्रोम - बच्चों की अचानक मृत्यु हो जाना) का जोखिम कम रहता है। बच्चों के साथ सोने के कारण अभिभावक बच्चों को ज्यादा समय दे पाते हैं, जो माता पिता और बच्चे के बीच एक गहरा संबंध स्थापित करने में मददगार होता है। (और पढ़ें - 3 साल के बच्चे को क्या खिलाना चाहिए)
  • अगर मां बच्चे के साथ सोती है तो बच्चे को स्तनपान कराना आसान हो जाता है। ऐसे में अगर बच्चा रोता है तो पास में होने के कारण मां बच्चे पर तुरंत ध्यान दे पाती है।
  • अकेले सोने पर बच्चे खुद को असुरक्षित महसूस कर सकते हैं इसलिए माताओं को उनके पास रहने की सलाह दी जाती है जिससे बच्चों को अच्छी नींद आ सके। (और पढ़ें - बच्चों को चुप कराने का तरीका)
  • मां की थपकी से ही बच्चे को अच्छी नींद आती है। बच्चा सुकून की नींद सो सके इसलिए भी मां को बच्चे के साथ ही सोना चाहिए। (और पढ़ें - बच्चों में अवसाद का इलाज)
  • बच्चे पास में ही सोते हैं तो ज्यादातर अभिभावक अपने बच्चों को कहानी या लोरी आदि सुना कर सुलाते हैं, जिससे बच्चों को अच्छी आदतें और संस्कार सीखने को मिलते हैं।
  • मां के पास सोने से बच्चे सहज भी महसूस करते हैं।
  • अभिभावक के पास सोने से बच्चे को गिरने या चोट लगने का खतरा नहीं होता। कई बार बच्चे नींद में गलत करवट ले लेते हैं ऐसे में अगर कोई पास में होता है तो बच्चा गलत करवट नहीं लेता। (और पढ़ें - चोट लगने पर क्या करें)

उपर्युक्त सभी बातों को ध्यान में रखते हुए माता पिता को बच्चों के पास ही सोने की सलाह दी जाती है। बच्चों को हर समय अभिभावक की जरूरत होती है लेकिन फिर भी अगर आप अपनी व्यस्त जिंदगी में अपने बच्चों को ज्यादा समय नहीं दे पाते हैं तो कम से कम रात का समय तो उन्हें देना ही चाहिए। इसके कई अन्य फायदे भी हैं जैसे आपका बच्चा क्रियाओं को जल्दी सीख सकता है, चलना, बोलना आदि सीखने में उसे आसानी हो सकती है। हो सकता है कि आपका बच्चा अन्य बच्चों के मुकाबले ज्यादा फुर्तीला हो।

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