संसद का मॉनसून सत्र शुरू होने से ऐन पहले 17 से 30 सांसदों के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की खबर आ रही है। खबर के मुताबिक, संसद सत्र में शामिल होने से पहले सांसदों को अनिवार्य करार दिया गया कोविड-19 टेस्ट कराना था। ऐसे में सोमवार को शुरू हुए संसदीय सत्र से पहले सुबह सांसदों के कोरोना वायरस परीक्षण किए गए। एनडीटीवी के मुताबिक, इस दौरान केंद्र में सत्तारूढ़ दल भारतीय जनता पार्टी के सबसे ज्यादा 12 सांसद सार्स-सीओवी-2 से संक्रमित पाए गए हैं। उनके अलावा वाईएसआर कांग्रेस के दो और शिवसेना, डीएमके तथा आरएलपी का एक-एक सांसद कोरोना वायरस की चपेट में पाया गया है। वहीं, टाइम्स ऑफ इंडिया ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि कम से कम 30 सांसद कोरोना वायरस की चपेट में आए हैं। उनके अलावा, संसद के 50 कर्मचारियों के भी कोरोना वायरस से ग्रस्त होने की बात सामने आई है। संक्रमित सांसदों और कर्मचारियों की संख्या को लेकर अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन जितने भी टेस्ट में पॉजिटिव निकले हैं, उन सभी को क्वारंटीन में जाने को कहा गया है।
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इन सांसदों में भाजपा सांसद सुकांता मजूमदार भी शामिल हैं। कोरोना वायरस टेस्ट पॉजिटिव आने के बाद उन्होंने ट्विटर पर कहा, 'बीते कुछ दिनों में जो भी लोग मेरे संपर्क में आए हैं, वे सभी अपने स्वास्थ्य की जांच कराएं और कोई भी लक्षण दिखने पर टेस्ट करवाएं।' संसद सत्र से पहले ही कुछ संसद सदस्यों के कोविड-19 टेस्ट पॉजिटिव निकलना चिंताजनक है। इसकी एक बड़ी वजह यही है कि संसद के कुल 785 सांसदों में से करीब 200 की उम्र 65 वर्ष से ज्यादा है। यानी वे कोविड-19 के प्रति सबसे कमजोर आयु वर्ग के लोगों की श्रेणी में आते हैं, जिन्हें कोरोना वायरस न सिर्फ गंभीर रूप से बीमार कर सकता है, बल्कि उनकी जान भी ले सकता है। बता दें कि दुनियाभर में इस वायरस से मारे गए ज्यादातर लोगों की उम्र 60 वर्ष से ज्यादा है।
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बहरहाल, इससे पहले देश के कम से कम सात केंद्रीय मंत्री और 25 सांसद तथा विधायक कोरोना वायरस की चपेट में आ चुके हैं। इनमें से एक सांसद और कुछ विधायों की मौत भी हो चुकी है। कोरोना वायरस की चपेट में आए सांसदों और मंत्रियों में सबसे बड़ा नाम केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का है, जिन्हें हाल में एक बार फिर एम्स में भर्ती किया गया है। अमित शाह पिछले महीने कोरोना वायरस से संक्रमित हुए थे। तब से वे लगातार इलाज करा रहे हैं। उनके स्वास्थ्य को लेकर फिलहाल कुछ स्पष्ट तौर पर सामने नहीं आया है। हालांकि तमाम अफवाहों के बीच कहा गया है कि गृह मंत्री संपूर्ण मेडिकल चेकअप कराने के लिए तीसरी बार अस्पताल में भर्ती हुए हैं। यहां बता दें कि अमित शाह को डॉक्टरों ने कोरोना वायरस के संक्रमण से रिकवर करार दिया हुआ है। वे पोस्ट-कोविड केयर के दौरान दो बार एम्स में भर्ती हो चुके हैं।
गौरतलब है कि कोविड-19 के चलते बड़े मेडिकल सुरक्षा संबंधी इंतजामों के बीच आज संसद सत्र की शुरुआत की गई। रिपोर्टों के मुताबिक, इस बार के सत्र के दौरान दोनों सदनों के चेंबरों के सिटिंग अरेंजमेंट में बदलाव किए गए हैं। सांसदों को एक-दूसरे से शारीरिक दूरी बनाए रखते हुए सत्र में भाग लेने को कहा गया है। उनकी हाजिरी के लिए एक मोबाइल एप तैयार किया गया है। साथ ही, सीटों को पोली-कार्बन की शीटों से अलग किया गया है। लेकिन उससे पहले सांसदों को अपना कोविड टेस्ट कराने को कहा गया था, जिसमें कम से कम 17 सांसद पॉजिटिव निकले हैं। देखना होगा कि सत्र के दौरान और मामले सामने आते हैं या नहीं।
उत्पाद या दवाइयाँ जिनमें संसद सत्र के पहले दिन कई सांसदों के कोरोना वायरस से संक्रमित होने की पुष्टि, कई संसदीय कर्मचारी भी कोविड-19 की चपेट में: रिपोर्ट्स है
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