दुनियाभर में कोरोना वायरस से संक्रमित हुए 32 लाख से ज्यादा मरीजों में से दस लाख से अधिक को बचा लिया गया है। यह संख्या कोरोना वायरस से होने वाली बीमारी कोविड-19 से मारे गए लोगों (दो लाख 28 हजार) से लगभग पांच गुना ज्यादा है। यूरोप और उत्तरी अमेरिका समेत एशिया महाद्वीप के कई देशों ने इस मामले में बेहतरीन काम किया है। आंकड़ों के जरिये जानते हैं कि किस देश में कोविड-19 के कितने मरीजों को बचाने में कामयाबी मिली है।
यूरोप
कोविड-19 से सबसे बुरी तरह प्रभावित महाद्वीप यूरोप है। यहां अब तक इस बीमारी से 13 लाख 57 हजार से ज्यादा लोग बीमार पड़े हैं। इनमें से एक लाख 33 हजार की मौत हो गई है। लेकिन चार लाख 90 हजार लोगों को बचा भी लिया गया है। संख्या के हिसाब से सबसे ज्यादा जानें जर्मनी, स्विट्जरलैंड और स्पेन में बचाई गई हैं।
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जर्मनी में कोविड-19 के एक लाख 61 हजार से ज्यादा मामले सामने आए हैं। इनमें से एक लाख 23 हजार से ज्यादा यानी करीब 84 प्रतिशत मरीजों को बचा लिया गया है। स्विट्जरलैंड में 29 हजार से ज्यादा मरीज हैं। इनमें से 23,100 को डिस्चार्ज कर दिया गया है। यानी 78 प्रतिशत से ज्यादा की जान बच गई है। वहीं, स्पेन में दो लाख 36 हजार से ज्यादा मरीजों में से करीब एक लाख 33 हजार का इलाज कर दिया गया है। यानी 56 प्रतिशत से ज्यादा मरीज ठीक हो गए हैं। इसी तरह ऑस्ट्रिया में 15,452 मरीजों में से 84 प्रतिशत (12,000 से ज्यादा) और आयरलैंड में 20,000 से ज्यादा मरीजों में से 66 प्रतिशत (13,300 से ज्यादा) बच गए हैं।
उत्तरी अमेरिका
उत्तरी अमेरिका इस मामले में काफी पीछे हैं। यहां के सभी देशों में कोविड-19 के कुल साढ़े 11 लाख मरीज हैं। लेकिन इनमें से केवल एक लाख 82 हजार को बचाया जा सका है। उत्तरी अमेरिका के दो सबसे विकसित देशों अमेरिका और कनाडा में ठीक हुए मरीजों की संख्या काफी कम है, खासतौर पर अमेरिका (मात्र 13 प्रतिशत) में। लेकिन मैक्सिको अपने यहां के 17,799 मरीजों में से 11,423 यानी 64 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को बचाने में सफल रहा है। बाकी देशों में कोरोना वायरस के मामलों की संख्या चिंताजनक स्थिति में नहीं पहुंची है।
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एशिया
यह कहना गलत नहीं होगा कि कोरोना वायरस संकट से निपटने में एशियाई देश यूरोपीय और उत्तरी अमेरिका के देशों से बेहतर रहे हैं। आंकड़े बताते हैं कि एशिया में कोरोना वायरस से पांच लाख से ज्यादा लोग संक्रमित हुए हैं। लेकिन इनमें से दो लाख 58 हजार से ज्यादा को बचा लिया गया है। यानी एशियाई देशों ने कुल मिलाकर 50 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को बचा लिया है।
इसकी शुरुआत चीन से ही होती है, जहां कोविड-19 के कुल 82,262 मामलों की पुष्टि हुई है। इनमें से 77,610 को बचा लिया गया है। यानी चीन 94 प्रतिशत से ज्यादा लोगों को बचाने में कामयाब रहा है। चीन के बाद ईरान को कभी कोविड-19 का केंद्र माना जा रहा था। लेकिन आज मध्य-पूर्व के इस एशियाई ने 94,640 मरीजों में से 75,000 से ज्यादा की जान बचा ली है, यानी करीब 80 प्रतिशत।
वहीं, इजरायल में 15,800 से ज्यादा कोविड-19 के केस सामने आए हैं। इनमें से 50 प्रतिशत से ज्यादा (8,400) को बचाने में वह कामयाब रहा है। दक्षिण कोरिया में भी 84 प्रतिशत मरीजों ने कोरोना वायरस को मात दी है। मलेशिया में यह आंकड़ा करीब 70 प्रतिशत है। थाइलैंड भी 90 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को बचाने में सफल रहा है। उसने कुल 2,954 मरीजों में से 2,684 को बचा लिया है। इसके अलावा ताइवान में भी 75 प्रतिशत से ज्यादा लोगों ने कोविड-19 को हरा दिया है।
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