Baidyanath Sariwadi Bati

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Baidyanath Sariwadi Bati (80) 80 बटी (गोलियां) 1 बोतल ₹ 320 ₹377 15% छूट बचत: ₹57
Baidyanath Sariwadi Bati (30) 30 बटी (गोलियां) 1 बोतल ₹ 73

  • विक्रेता: EAGLE EXIM INC
    • मूल का देश: India

    Baidyanath Sariwadi Bati की जानकारी

    बैद्यनाथ सारिवादी बटी एक आयुर्वेदिक दवा है जो कान और नसों से जुड़ी समस्याओं में फायदेमंद मानी जाती है। यह खासतौर पर सुनाई न देना, कानों में आवाज़ या बजना (टिनिटस) और याददाश्त से जुड़ी दिक्कतों में राहत देने में मदद करती है। यह दवा पुराने आयुर्वेदिक नुस्खों पर बनी है, लेकिन आज की सेहत की ज़रूरतों को ध्यान में रखकर इसे और बेहतर किया गया है। इसका कॉम्बो पैक उन लोगों के लिए अच्छा है जो लंबे समय से इसका इस्तेमाल कर रहे हैं या करना चाहते हैं।

    Baidyanath Sariwadi Bati की सामग्री - Baidyanath Sariwadi Bati Active Ingredients in Hindi

    अनंतमूल
    • ये दवाएं ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित रखने में मदद करती हैं।
    • वे दवाएं जो बुखार के दौरान शरीर के तापमान को कम करने में मदद करती हैं।
    • ये तत्व रक्त निर्माण में सहायता करते हैं और एनीमिया के उपचार में मदद करते हैं।
    कुश्ता
    नागकेसर
    • दवाइयां जो बिना बेहोशी के दर्द को कम करती हैं।
    • अस्थमा के लक्षणों को ठीक करने वाली दवाएं।
    • खून में ग्लूकोज़ के स्तर को कम करने वाली दवाएं जो डायबिटीज के इलाज में भी उपयोग होती हैं।
    • ये दवाएं चोट के कारण होने वाली सूजन को कम करती हैं।
    • वे दवाएं जो बुखार के दौरान शरीर के तापमान को कम करने में मदद करती हैं।
    • बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकने या खत्म करने वाले पदार्थ।
    दालचीनी
    • सूजन को कम करने वाली दवाएं।
    • शरीर में मौजूद ऑक्सीजन के मुक्त कणों को निकालने के लिए उपयोग होने वाले पदार्थ।
    • वे तत्व जो सूक्ष्म जीवों को बढ़ने से रोकने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं।
    • यौन इच्‍छाओं को बेहतर करने वाले तत्‍व।
    • वे एजेंट्स जो सूक्ष्‍म जीवों को नष्‍ट या उनके कार्य को रोक कर माइक्रोबियल रेप्लिका (सूक्ष्‍म जीवों की प्रतिकृति) और इसको बढ़ने से बचाते हैं।
    महुआ
    • ये दवाएं रोगी की जागृत अवस्था को प्रभावित किए बिना दर्द को कम कर सकती हैं।
    • ब्‍लड शुगर लेवल को नियंत्रित करने के लिए इस्‍तेमाल होने वाली दवाएं।
    • चोट लगने के बाद सूजन को कम करने वाली दवाएं।
    • ये दवाएं शरीर का तापमान कम करती हैं और बुखार के दौरान इनका उपयोग किया जाता है।
    • ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस (शरीर में एंटीऑक्सीडेंट्स और फ्री रेडिकल्स के बीच असंतुलन पैदा होना) को कम करने वाली दवाएं।
    • ये दवाएं लिवर के कार्य में सुधार करते हैं और इसे संक्रमण से बचाते हैं।
    कुमुद
    • दवाएं जो ब्लड शुगर को नियंत्रित करके डायबिटीज का इलाज करती हैं।
    • ये दवाएं चोट के कारण होने वाली सूजन को कम करती हैं।
    • ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस (शरीर में एंटीऑक्सीडेंट्स और फ्री रेडिकल्स के बीच असंतुलन पैदा होना) को कम करने वाली दवाएं।
    • वो दवा या एजेंट जो बैक्टीरिया को नष्‍ट या उसे बढ़ने से रोकती है।
    इलायची
    • वे दवाएं जो बुखार के दौरान शरीर के तापमान को कम करने में मदद करती हैं।
    • सूक्ष्म जीवों को बढ़ने से रोकने वाले या खत्म करने वाले एजेंट।
    त्रिफला
    • पौधे पर आधारित घटक जो कि विषाक्त नहीं होते हैं और शरीर के कार्य में मदद करते हैं
    • दर्द को कम करने के लिए उपयोग की जाने वाली दवाएं या एजेंट।
    • चोट या संक्रमण के कारण होने वाली सूजन को कम करने वाली दवाएं।
    • ये दवाएं शरीर का तापमान कम करती हैं और बुखार के दौरान इनका उपयोग किया जाता है।
    • वे घटक जिनका इस्‍तेमाल फ्री रेडिकल्‍स की सक्रियता को कम करने और ऑक्‍सीडेटिव स्‍ट्रेस (मुक्त कणों के बनने और उनके शरीर के प्रति हानिकरक प्रभाव को न रोक पाने के बीच का असंतुलन) को रोकने के लिए किया जाता है।
    • दवाएं जो शुगर के दौरन होने वाले ब्लड शुगर को नियंत्रित करती हैं।
    • वो दवा या एजेंट जिसका इस्‍तेमाल हाई ब्‍लड प्रेशर के इलाज में किया जाता है।
    अभ्रक भस्म
    • दवाएं जो ब्लड शुगर को नियंत्रित करके डायबिटीज का इलाज करती हैं।
    • वो एजेंट जो हृदय से रक्तवाहिकाओं में रक्त प्रवाह को बेहतर करता है।
    • पदार्थ या दवा जो लिवर के सामान्य कार्य की रक्षा करने में फायदेमंद है।
    • ये दवाएं शरीर को उचित शारीरिक और मानसिक विकास के लिए सभी आवश्यक पोषक तत्व प्रदान करती हैं।
    • वे तत्‍व जो खून बनाने में मदद करते हैं। इस तरह ये तत्‍व एनीमिया की स्थिति को नियंत्रित करते हैं।
    लौह भस्म
    • ये तत्व रक्त निर्माण में सहायता करते हैं और एनीमिया के उपचार में मदद करते हैं।
    • बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकने या खत्म करने वाले पदार्थ।
    मकोय (काकमाची)
    • एजेंट या तत्‍व जो सूजन को कम करने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं।
    • शरीर में मौजूद ऑक्सीजन के मुक्त कणों को निकालने के लिए उपयोग होने वाले पदार्थ।
    प्रियांगू
    • दवाएं जो ब्लड शुगर को नियंत्रित करके डायबिटीज का इलाज करती हैं।
    • ये दवाएं शरीर का तापमान कम करती हैं और बुखार के दौरान इनका उपयोग किया जाता है।
    • स्वैच्छिक या अनैच्छिक रूप से नस पर नस चढ़ने की समस्या को कम करने या रोकने के लिए उपयोग किए जाने वाली दवाएं।

    Baidyanath Sariwadi Bati के लाभ - Baidyanath Sariwadi Bati Benefits in Hindi

    Baidyanath Sariwadi Bati इन बिमारियों के इलाज में काम आती है -

    अन्य लाभ


    Baidyanath Sariwadi Bati की खुराक - Baidyanath Sariwadi Bati Dosage in Hindi

    यह अधिकतर मामलों में दी जाने वाली Baidyanath Sariwadi Bati की खुराक है। कृपया याद रखें कि हर रोगी और उनका मामला अलग हो सकता है। इसलिए रोग, दवाई देने के तरीके, रोगी की आयु, रोगी का चिकित्सा इतिहास और अन्य कारकों के आधार पर Baidyanath Sariwadi Bati की खुराक अलग हो सकती है।

    आयु वर्ग खुराक
    व्यस्क
    • मात्रा: निर्धारित खुराक का उपयोग करें
    • खाने के बाद या पहले: कभी भी दवा ले सकते हैं
    • अधिकतम मात्रा: 2 टैबलेट
    • लेने का तरीका: दूध
    • दवा का प्रकार: टैबलेट
    • दवा लेने का माध्यम: मुँह
    • आवृत्ति (दवा कितनी बार लेनी है): दिन में दो बार
    • दवा लेने की अवधि: 3 महीने
    बुजुर्ग
    • मात्रा: निर्धारित खुराक का उपयोग करें
    • खाने के बाद या पहले: कभी भी दवा ले सकते हैं
    • अधिकतम मात्रा: 2 टैबलेट
    • लेने का तरीका: दूध
    • दवा का प्रकार: टैबलेट
    • दवा लेने का माध्यम: मुँह
    • आवृत्ति (दवा कितनी बार लेनी है): दिन में दो बार
    • दवा लेने की अवधि: 3 महीने

    Baidyanath Sariwadi Bati के नुकसान, दुष्प्रभाव और साइड इफेक्ट्स - Baidyanath Sariwadi Bati Side Effects in Hindi

    चिकित्सा साहित्य में Baidyanath Sariwadi Bati के दुष्प्रभावों के बारे में कोई सूचना नहीं मिली है। हालांकि, Baidyanath Sariwadi Bati का इस्तेमाल करने से पहले हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह-मशविरा जरूर करें।


    Baidyanath Sariwadi Bati कैसे खाएं - Baidyanath Sariwadi Bati How to take in Hindi

    आप Baidyanath Sariwadi Bati को निम्नलिखित के साथ ले सकते है:

    • क्या Baidyanath Sariwadi Bati को दूध के साथ ले सकते है?
      हां, दूध के साथ Baidyanath Sariwadi Bati लेना ठीक है।

    • क्या Baidyanath Sariwadi Bati को गुनगुना पानी के साथ ले सकते है?
      गुनगुने पानी के साथ Baidyanath Sariwadi Bati लेने से कोई नुकसान नहीं है।


    Baidyanath Sariwadi Bati से जुड़े सुझाव।


    इस जानकारी के लेखक है -

    Dr. Braj Bhushan Ojha

    BAMS, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, डर्माटोलॉजी, मनोचिकित्सा, आयुर्वेद, सेक्सोलोजी, मधुमेह चिकित्सक
    10 वर्षों का अनुभव


    संदर्भ

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 1. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1986: Page No - 105 - 106

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 2. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1999: Page No - 125 - 126

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 1. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1986: Page No - 151 - 152

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 2. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1999 : Page No 109 - 110

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 1. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1986: Page No 36-37

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume- IV. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 2004: Page No 54-56

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 2. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1999: Page No 70-73

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 2. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 1999: Page No 151-152

    Ministry of Health and Family Welfare. Department of Ayush: Government of India. [link]. Volume 4. Ghaziabad, India: Pharmacopoeia Commission for Indian Medicine & Homoeopathy; 2004: Page No 111-112