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एक्सट्रावेसेशन होना क्या है?

एक्सट्रावेसेशन एक ऐसी स्थिति है जिसमें कीमोथेरेपी में प्रयोग की जाने वाली दवाएं किसी नस से बाहर लीक होकर त्वचा में या आस-पास के टिश्यू में चली जाती है। एक्सट्रावेसेशन के कारण त्वचा में रिएक्शन हो जाता है या अन्य समस्याएं होने लगती हैं। एक्सट्रावेसेशन के कारण होने वाली समस्याएं दवा के प्रकार, लीक होने की मात्रा और जगह पर निर्भर करती हैं। इसके कारण कई समस्याएं हो सकती हैं, जैसे इन्फेक्शन, हाथ-पैर में दर्द और प्रभावित अंग का काम न कर पाना।

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एक्सट्रावेसेशन के लक्षण क्या हैं?

एक्सट्रावेसेशन होने पर तुरंत ऊतकों को नुकसान होने लगता है और वे खराब होने लगते हैं। इससे प्रभावित क्षेत्र में दर्द या त्वचा पर फफोले हो सकते हैं। कुछ मामलों में एक्सट्रावेसेशन से त्वचा का हल्का रिएक्शन होता है, और कई मामलों में इससे ऊतक गल भी सकते हैं। इससे प्रभावित क्षेत्र में सूजन व त्वचा के निकलने जैसे लक्षण भी अनुभव होते हैं। कुछ गंभीर मामलों में एक्सट्रावेसेशन के कारण व्यक्ति अपने हाथ-पैर के काम करने की क्षमता भी खो देता है।

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एक्सट्रावेसेशन क्यों होता है?

कैंसर से पीड़ित लोगों में एक्सट्रावेसेशन होने का खतरा होता ही है, हालांकि इसके मामले बहुत कम देखने को मिलते हैं। कैंसर वाले लोगों की बार-बार कीमोथेरेपी होती है, इसीलिए इसमें गलती से एक्सट्रावेसेशन होने का खतरा बढ़ जाता है। कीमोथेरेपी या रेडिएशन थेरेपी के कारण व्यक्ति की नसें कमजोर हो जाती हैं, जिसके कारण नसों से दवा बाहर निकलने का खतरा बढ़ जाता है। कभी-कभी डॉक्टर की गलती के कारण भी दवाएं गलत टिश्यू में चली जाती हैं, हालांकि ऐसा होने की संभावना बहुत ही कम होता है।

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एक्सट्रावेसेशन का इलाज कैसे होता है?

एक्सट्रावेसेशन होने पर डॉक्टर तुरंत व्यक्ति को कीमोथेरेपी देना बंद कर देते हैं और प्रभावित क्षेत्र को ठंडा करने का प्रयास किया जाता है। एक्सट्रावेसेशन के कारण होने वाले नुकसान को कम करने के लिए ये जरुरी है कि डॉक्टर अच्छी तरह से प्रशिक्षित हो ताकि वे समय रहते उचित उपाय कर सकें। एक्सट्रावेसेशन से हुए नुकसान को सही करने के लिए उपयोग किए जाने वाले तरीके नुकसान के प्रकार और गंभीरता पर निर्भर करते हैं। कुछ मामलों में इसके लिए प्रभावित हाथ-पैर को ऊपर उठाकर रखा जाता है और किसी अन्य दवा का उपयोग नहीं किया जाता।

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  1. एक्सट्रावेसेशन की दवा - Medicines for Extravasation in Hindi

एक्सट्रावेसेशन की दवा - Medicines for Extravasation in Hindi

एक्सट्रावेसेशन के लिए बहुत दवाइयां उपलब्ध हैं। नीचे यह सारी दवाइयां दी गयी हैं। लेकिन ध्यान रहे कि डॉक्टर से सलाह किये बिना आप कृपया कोई भी दवाई न लें। बिना डॉक्टर की सलाह से दवाई लेने से आपकी सेहत को गंभीर नुक्सान हो सकता है।

Medicine NamePack SizePrice (Rs.)
AnvaseAnvase 1500 Iu Injection54
EntodaseEntodase Injection104
FacidaseFacidase 1500 Iu Injection0
Hyal OralHyal Oral 20 Mg Tablet69
HynidaseHynidase 1500 Iu Injection131
OmnidaseOmnidase 1500 Iu Injection0
VisialVisial 1% Prefilled Syringe582

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References

  1. The Royal children's Hospital Melbourne [internet]: Victoria State Government. Extravasation Injury Management
  2. Great Ormond Street Hospital for Children. Extravasation and infiltration. NHS Foundation Trust. [internet].
  3. European Oncology Nursing Society. Causes, Diagnosis, and Treatment of Extravasation . European Specialist Nurses Organisation. Causes, Diagnosis, and Treatment of Extravasation .
  4. Oxford University Press. Management of chemotherapy extravasation: ESMO–EONS Clinical Practice Guidelines. University of Oxford. [internet].
  5. Journal of the American Academy of Physician Assistants. How should extravasation injuries be treated?. American Academy of Physician Assistants. [internet].
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