सर्दी का मौसम कई सुखद अनुभव साथ लाता है, लेकिन सर्दियों में ठंडी हवा चलने पर त्वचा शुष्क होती है जो त्वचा के सूखेपन का कारण बनती है। यह सर्दियों में आम समस्या है। साथ ही शरीर में अपर्याप्त नमी, सूरज की हानिकारक पराबैंगनी किरणें, अत्यधिक गर्म पानी से स्नान आदि भी त्वचा को रूखा करते हैं और त्वचा में जलन व खुजली हो जाती है।

इसलिए हमें लगातार नियमित रूप से त्वचा को मॉइस्चराइज़ करने की ज़रूरत होती है। त्वचा पर साबुन का प्रयोग भी ध्यानपूर्वक करना चाहिए क्योंकि साबुन त्वचा को शुष्क बना देती है इसलिए हमें हाइड्रेटिंग फेसवॉश का उपयोग करना चाहिए।

अब हम आपको कुछ ऐसे इलाज और घरेलू उपाय बताने जा रहे हैं जिनसे सर्दियों में रूखी त्वचा की समस्या से आप राहत पा सकेंगे।

  1. सर्दियों में ड्राई स्किन के कारण
  2. सर्दियों में रूखी त्वचा का इलाज
  3. सर्दियों में रूखी त्वचा के लिए उपाय
सर्दियों में ड्राई स्किन के कारण, इलाज और घरेलू उपाय के डॉक्टर

सर्दी नमी और तापमान में बदलाव लाती है जो शुष्क त्वचा के लिए आदर्श स्थिति पैदा करती है, जिसे ज़ेरोसिस भी कहा जाता है।

त्वचा की सबसे बाहरी परत को एपिडर्मिस कहा जाता है। एपिडर्मिस की पतली बाहरी सतह स्ट्रेटम कॉर्नियम है, जिसे "स्किन बैरियर" भी कहा जाता है।

लिपिड और डेड स्किन सेल का संयोजन यह स्किन बैरियर बनाता है। इस स्किन बैरियर एक रक्षातमक परत की भूमिका अदा करती है जो हानिकारक विषाक्त पदार्थों को शरीर में प्रवेश करने से रोकती है। जब स्किन बैरियर क्षतिग्रस्त हो जाती है, तो त्वचा रूखी दिखाई देती है।

स्किन बैरियर को नमी न मिलना

स्किन बैरियर को अपना काम करने के लिए नमी आवश्यक है। शोध से पता चला है कि गर्मियों की तुलना में सर्दियों के दौरान त्वचा में नमी कम होती है, साथ ही स्किन बैरियर में लिपिड भी कम होते हैं। इन सब कारणों की वजह से स्किन में सूखापन आता है।

घर में ज्यादा हीटिंग

सर्दियों के महीनों के दौरान, लोग अक्सर कमरों के अंदर हीटिंग ज्यादा कर देते हैं, जिससे कमरे में नमी कम हो जाती है और त्वचा को कम नमी मिलती है।

ठंडा मौसम

साथ ही, बाहर का ठंडा मौसम और कठोर हवा त्वचा से उसके प्राकृतिक मॉइस्चराइजिंग तेलों को छीन सकती है।

ज्यादा गर्म पानी से नहाना

गर्म पानी से नहाना भी त्वचा की सतह को नुकसान पहुंचा सकता है, जिससे सूखापन हो सकता है। कठोर साबुन का उपयोग करना और त्वचा को सुखाते समय जोर से रगड़ना त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है।

उम्र, लिंग, और अन्य कारक

त्वचा में नमी का स्तर भी उम्र, लिंग, और पर्यावरणीय कारकों के साथ बदलता रहता है। अन्य चिकित्सीय स्थितियां भी शुष्क त्वचा में योगदान कर सकती हैं।

सूखी और क्षतिग्रस्त त्वचा को नमी की आवश्यकता होती है। रूखी त्वचा का इलाज करते समय त्वचा की देखभाल के नियमों को सरल रखना सबसे अच्छा है। एक साधारण रूटीन जिसमें टोनर, सीरम और भारी मेकअप जैसे अनावश्यक उत्पाद शामिल न हों सबसे बेहतर रेहता है।

एपिडर्मिस को फिर से हाइड्रेट करने और त्वचा से पानी की कमी को रोकने के लिए मॉइस्चराइजर का उपयोग करना सबसे अच्छा तरीका है। परफ्यूम रहित गाढ़ा, चिकना मॉइस्चराइज़र आमतौर पर सबसे अच्छा विकल्प होता है।

इमोलिएंट युक्त मॉइस्चराइज़र, जिसमें लिनोलेइक, लिनोलेनिक और लॉरिक एसिड शामिल हों, त्वचा की सतह को चिकना करने में मदद कर सकते हैं। वे स्किन सेल्स के बीच रिक्त स्थान को भरते हैं जहां नमी कम होती है।

मॉइस्चराइजर में मौजूद ह्यूमेक्टेंट्स नमी को स्किन की तरफ आकर्षित करने में मदद करते हैं। ह्यूमेक्टेंट्स के उदाहरणों में शामिल हैं -

  • सेरामाइड्स
  • हाईऐल्युरोनिक एसिड
  • ग्लिसरीन
  • सोर्बिटोल

अन्य सामग्री, जैसे लैनोलिन, सिलिकॉन और मिनरल आयल, त्वचा में नमी को सील करने में मदद करते हैं। वे पर्यावरणीय कारकों से होने वाले नुकसान को कम करने के लिए एक सुरक्षात्मक बैरियर भी बनाते हैं।

अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी एसोसिएशन के अनुसार, शॉवर या नहाने के बाद त्वचा को थपथपाने के बाद जितनी जल्दी हो सके मॉइस्चराइजर लगाना बहुत जरूरी है। इससे सबसे ज़्यादा नमी स्किन में सील होती है।

नारियल तेल

नारियल तेल सर्दियों के महीनों के दौरान सूखी त्वचा के लिए लोकप्रिय और प्रभावी उपचारों में से एक है। इसमें फैटी एसिड, प्रोटीन और विटामिन ई होता है जो आपकी त्वचा में नमी बनाए रखने में मदद करता है। इसके अलावा, इसके एंटीऑक्सिडेंट गुण आपकी त्वचा के समग्र स्वास्थ्य के लिए अच्छे होते हैं।

कुछ सेकंड के लिए नारियल तेल को गर्म करें और स्नान से पहले अपनी त्वचा पर लगाएँ और धीरे धीरे मालिश करें जिससे कि तेल त्वचा में प्रवेश कर जाए। 10 मिनट के बाद स्नान कर लें। दिन में एक बार इस उपाय को करें।

अगर आप बहुत ही ज़्यादा शुष्क त्वचा से पीड़ित हैं, तो आप स्नान लेने के बाद त्वचा पर नारियल तेल का उपयोग कर सकते हैं।

(और पढ़ें – ड्राई स्किन के लिए फेस पैक)

शहद

शहद एक प्राकृतिक मॉइस्चराइज़र एंटीऑक्सिडेंट, रोगाणुरोधी गुणों के साथ परिपूर्ण माना जाता है। इसके अलावा, शहद में कई आवश्यक विटामिन और खनिज होते हैं जो कि आपकी त्वचा को नर्म और त्वचा के ऊतकों को ठीक रखने में मदद करते हैं।

  • स्नान लेने से पहले, धीरे धीरे अपने सारे शरीर पर कुछ कच्चा शहद रगड़ें और मालिश करें। फिर 10 मिनट के बाद स्नान कर लें।
  • शहद और ग्लिसरीन को बराबर मात्रा में मिला लें। अपने हाथों पर लगाएं और 10 मिनट के बाद गुनगुने पानी के साथ धो लें।

(और पढ़ें – रूखी त्वचा के लिए फेस वाश)

जैतून का तेल

जैतून का तेल त्वचा के लिए एक ओर अन्य प्रभावी उपाय है। जैतून के तेल में एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जैसे विटामिन ई, जो त्वचा के सूखेपन को दूर करने में मदद करते हैं। यह एक महान प्राकृतिक मॉइस्चराइज़र के रूप में भी काम करता है।

दैनिक उपयोग के लिए अपने हाथ, पैर और सूखी त्वचा और अन्य क्षेत्रों पर कुछ गुनगुने जैतून के तेल का उपयोग करते हुए हल्के से मालिश करें। फिर 30 मिनट के बाद धो लें।

साप्ताहिक उपयोग के लिए, 1 चम्मच ब्राउन शुगर के साथ जैतून का तेल मिलाकर एक पेस्ट बनाएं। अपनी त्वचा को गीला करें और धीरे से इस मिश्रण से त्वचा पर स्क्रब करें। यह 15 मिनट के लिए लगाकर छोड़ दें, उसके बाद गुनगुने पानी के साथ धो लें।

(और पढ़ें - रूखी त्वचा की देखभाल)

मलाई

मलाई में उच्च वसा और लैक्टिक एसिड होता है जो सूखी त्वचा के लिए एक प्राकृतिक मॉइस्चराइज़र के रूप में काम करता है। यह आपकी त्वचा के पीएच संतुलन को उचित बनाए रखने में भी मदद करता है।

दैनिक उपयोग के लिए, अपनी शुष्क त्वचा पर कुछ ताज़ा मलाई रगड़ें। यह 10 मिनट के लिए लगाकर रखें और उसके बाद अच्छी तरह से गुनगुने पानी के साथ धो लें।

साप्ताहिक उपचार के लिए, 2 से 3 चम्मच मलाई और 2 बड़े चम्मच बेसन के साथ एक मिश्रण तैयार करें। अपनी शुष्क त्वचा पर इस पेस्ट को लगाएँ। 15 मिनट के लिए लगाकर रखें और उसके बाद गुनगुने पानी के साथ धो लें।

(और पढ़ें - शुष्क त्वचा के उपाय)

एलोवेरा

एलोवेरा त्वचा के रूखेपन के लिए एक अद्भभुत मॉइस्चराइज़र के रूप में कार्य करता है। एलोवेरा से आप सर्दियों के दौरान अपनी त्वचा को नर्म और जीवंत बना सकते हैं और एलोवेरा आपकी त्वचा के स्किन टोन में भी सुधार करता है।

(और पढ़ें - ड्राई स्किन के लिए क्रीम)

एलोवेरा इस्तेमाल करने का तरीका - 

  • एक एलोवेरा पत्ती से जैल निकालें और उसको अपने पूरे शरीर पर लगाएँ।
  • जैल को त्वचा में अंदर तक पहुचाने के लिए, कुछ मिनट के लिए मालिश करें।
  • 30 मिनट तक लगाए रखें, उसके बाद गुनगुने पानी का उपयोग करते हुए धो लें।
  • दिन में एक या दो बार इसका उपयोग करना चाहिए।

(और पढ़ें - त्वचा की देखभाल कैसे करें)

Dr. Priti Kulkarni

Dr. Priti Kulkarni

डर्माटोलॉजी
3 वर्षों का अनुभव

Dr. Puneet Agarwal

Dr. Puneet Agarwal

डर्माटोलॉजी
11 वर्षों का अनुभव

Dr. L. K Pandey

Dr. L. K Pandey

डर्माटोलॉजी
3 वर्षों का अनुभव

Dr. Neha Baig

Dr. Neha Baig

डर्माटोलॉजी
3 वर्षों का अनुभव

ऐप पर पढ़ें