काॅर्न सिल्क जिसे भुट्टे के रेशे या भुट्टे के बाल के नाम से भी जाना जाता है। भुट्टे के बाल काफी लंबे होते हैं। सामान्यतः भुट्टे को खाने के लिए उपयोग में लाते समय भुट्टे के बाल निकाल दिए जाते हैं लेकिन आपको बता दें कि भुट्टे के बालों का इस्तेमाल दवाई बनाने के लिए किया जाता है।

कई देशों जैसे चीन, फ्रांस और तुर्की आदि में इसका इस्तेमाल खूब किया जाता है। अधिकतर लोगों को इसके फायदों के बारे में पता नहीं होता है। आज इस लेख के जरिए हम आपको बताने जा रहे हैं कि भुट्टे के बाल किस तरह आपके स्वास्थ्य को लाभ पहुंचा सकते हैं।

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यू.टी.आई में लाभकारी

यू.टी.आई ठीक करने के लिए काॅर्न सिल्क एंटी-इंफ्लेमेटरी एजेंट के रूप में काम करता है। यह मूत्र मार्ग की परत को कवर कर के जलन को रोकता है। भुट्टे के बाल की चाय पीने से मूत्राशय और मूत्र मार्ग की सूजन ठीक होती है। भुट्टे के बाल के सेवन से पेशाब आता है और मूत्र मार्ग में बैक्टीरिया बनने का जोखिम कम होता है। यह प्रोस्टेट ग्लैंड में आ रही दिक्कत को भी दूर करने में उपयोगी है।

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किडनी में स्टोन को रोकने में उपयोगी

जब किडनी में छोटे-छोटे क्रिस्टल बनकर इकट्ठा हो जाते हैं तो वो पथरी का रूप ले लेते हैं। इनके जमाव के कारण तेज दर्द उठता है। प्राचीन काल से ही काॅर्न सिल्क का इस्तेमाल किडनी स्टोन से बचने के लिए किया जाता रहा है।

काॅर्न सिल्क के सेवन से बार बार पेशाब आता है जिससे किडनी में स्टोन बनने का खतरा कम होता है। इस बात का ध्यान रखें कि काॅर्न सिल्क किडनी स्टोन से बचाता है ना कि उसका इलाज करता है।

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बी.पी करता है कम

जो लोग हाई बी.पी से परेशान हैं, उनके लिए काॅर्न सिल्क या भुट्टे का बाल लाभकारी साबित हो सकता है। जैसा कि पहले भी बताया गया है कि यह मूत्रवर्द्धक है और इसी वजह से यह बी.पी को कम करने में उपयोगी है।

हाल ही में चूहों पर हुए एक अध्ययन से पता चला है कि काॅर्न सिल्क के अर्क से एंजियोटेनसिन-कंवर्टिंग एंजाइम की गतिविधि कम हुई जिससे बी.पी के स्तर में गिरावट आई। 40 लोगों पर हुए एक अन्य अध्ययन से भी यह पता चला है कि हाई बी.पी को संतुलित करने में भी यह उपयोगी है।

कोलेस्ट्रॉल हो कम

कॉर्न सिल्‍क कोलेस्‍ट्रॉल को भी कम करता है। पशुओं पर हुए एक अध्‍ययन में पाया गया कि कॉर्न सिल्‍क का अर्क एलडीएल (बैड कोलेस्‍ट्रॉल) और कुल कोलस्‍ट्रॉल को कम करने में असरकारी है एवं इससे एचडीएल (गुड कोलेस्‍ट्रॉल) भी बढ़ता है।

अन्‍य अध्‍ययन में चूहों को हाई फैट डाइट दी गई। इसमें सप्‍लीमेंट न लेने वाले चूहों की तुलना में कॉर्न सिल्‍क लेने वाले चूहों के कोलेस्‍ट्रॉल लेवल में कमी देखी गई।

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मोटापे से छुटकारा

आजकल मोटापा महामारी की तरह फैल रहा है। कुछ लोग आनुवांशिक तौर पर मोटे हैं तो कुछ लोग खराब जीवनशैली, असंतुलित आहार की वजह से मोटापे का शिकार हो रहे हैं। हर कोई वजन घटाने के लिए तरह-तरह के प्रयास कर रहा है।

आपको बता दें कि काॅर्न सिल्क भी इस काम में आपकी मदद कर सकता है। शरीर में वॉटर रिटेंशन और विषाक्‍त पदार्थों के जमने के कारण कुछ लोग मोटापे का‍ शिकार हो जाते हैं। भुट्टे के बाल इन सब चीज़ों को शरीर से बाहर निकालता है। इस तरह वजन घटाने में भी मदद मिलती है।

काॅर्न सिल्क से ज्यादा से ज्यादा लाभ पाने के लिए दिन में दो या तीन बार भुट्टे के बाल से बनी चाय पीएं। हालांकि, काॅर्न सिल्क मोटापे का इलाज नहीं करता है।

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बरतें ये सावधानियां

कॉर्न सिल्‍क का अधिक मात्रा में सेवन करना गर्भवती महिलाओं के लिए सुरक्षित नहीं है। कॉर्न सिल्‍क गर्भाशय को उत्तेजित कर गर्भपात का कारण बन सकता है। स्‍तनपान करवा रही महिलाओं को भी इसका सेवन नहीं करना चाहिए। अगर आप गर्भवती हैं या स्‍तनपान करवा रही हैं तो सीमित मात्रा में कॉर्न सिल्‍क का सेवन करें।

इसी तरह डायबिटीज, हाई बी.पी, लो बी.पी के मरीज़ भी सीमित मात्रा में ही इसका सेवन करें।

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