myUpchar प्लस+ सदस्य बनें और करें पूरे परिवार के स्वास्थ्य खर्च पर भारी बचत,केवल Rs 99 में -

यह एक ऐसी स्थिति है, जिसमें हाथों की मूवमेंट में दिक्कत आती है। इसमें मांसपेशियां मुड़ी हुई व कठोर हो जाती हैं। कभी-कभी, हाथ की मांसपेशियों में मरोड़ की समस्या हो सकती है और आप चाहकर भी इसे नियंत्रित नहीं कर सकते हैं। इसे ऐंठन कहा जाता है।

ऐसा तब होता है जब शरीर के तंत्रिका तंत्र को नुकसान पहुंचता है। आमतौर पर यह स्ट्रोक, किसी बीमारी या चोट लगने के बाद देखा जा सकता है। वैसे तो यह जानलेवा नहीं है, लेकिन दर्दनाक हो सकता है। इसकी वजह से रोजाना किए जाने वाले सामान्य काम-काज जैसे कपड़े पहनना, ब्रश करना या नहाने में दिक्कत हो सकती है।

अच्छी बात यह है कि इस बीमारी के लिए पहले की तुलना में बेहतर विकल्प मौजूद हैं। इन उपचार की मदद से न सिर्फ मांसपेशियों को लचीला बनाया जा सकता है, बल्कि हाथ की मूवमेंट में भी सुधार देखा जा सकता है।

  1. हाथ में ऐंठन के लक्षण - Upper Limb Spasticity Symptoms in Hindi
  2. हाथ में ऐंठन के कारण - Upper Limb Spasticity Causes in Hindi
  3. हाथ में ऐंठन का उपचार - Upper Limb Spasticity Treatment in Hindi
  4. अपर लिंब स्पास्टिसिटी (हाथ में ऐंठन) के डॉक्टर

हाथ में ऐंठन के लक्षण - Upper Limb Spasticity Symptoms in Hindi

स्ट्रोक या मस्तिष्क की किसी चोट के हफ्तों, महीनों या वर्षों बाद तक हाथ में ऐंठन होने के लक्षण दिखाई नहीं दे सकते हैं। लेकिन कुछ निम्नलिखित स्थितियों के कारण यह विकार संभव है -

  • हाथ की मांसपेशियों में अकड़न
  • हाथ में मरोड़ की समस्या होना, जिसे नियंत्रित करने में कठिनाई हो।
  • बाहों का उपयोग करने या हिलाने में परेशानी
  • कोहनी, कलाई या उंगलियों की मांसपेशियों में जकड़न
  • हाथ की पोजिशन को बदलने में दिक्कत
  • कंधे की असमान्य स्थिति
  • कोहनी या कलाई की झुकी हुई पोजिशन 
  • जब आप अपनी बांह, कोहनी, कलाई या उंगलियों को हिलाते या सीधा करते हैं, ऐसे में कठिनाई या दर्द

हाथ में ऐंठन के कारण - Upper Limb Spasticity Causes in Hindi

जब तंत्रिका तंत्र मांसपेशियों को विद्युत संकेत भेजती हैं तब हम इनका इस्तेमाल कर पाते हैं। ये संकेत रीढ़ की हड्डी और मस्तिष्क से आते हैं। जब आपके मस्तिष्क या रीढ़ की हड्डी को किसी तरह का नुकसान होता है, तो ये तंत्रिकाएं उन संकेतों को सही तरीके से नहीं भेज पाती हैं। इसकी वजह से मांसपेशियों में मरोड़ और कठोरता जैसी परेशानियां आ सकती हैं।

कई ऐसी चीजें हैं, जिनकी वजह से मस्तिष्क या तंत्रिका तंत्र को नुकसान पहुंच सकता है और हाथ में ऐंठन होना का कारण बन सकता है।

मस्तिष्क के किसी हिस्से में खून या ऑक्सीजन की कमी से ब्लॉक हो जाने या किसी रक्त वाहिका के फट जाने से स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में मस्तिष्क की कोशिकाएं मर सकती हैं, जिससे कुछ नसें सही तरह से कार्य करना बंद कर देती हैं।

इसके अलावा मल्टीपल स्क्लेरोसिस और सेरेब्रल पाल्सी जैसे रोग की वजह से भी तंत्रिका तंत्र को नुकसान हो सकता है।

हाथ में ऐंठन का उपचार - Upper Limb Spasticity Treatment in Hindi

इस बीमारी में इलाज का उद्देश्य मांसपेशियों को कठोर होने से रोकना होता है, ताकि प्रभावित व्यक्ति अपनी बाहों का सामान्य तौर पर इस्तेमाल कर सके। इसमें थेरेपी का अहम रोल होता है, क्योंकि इसके जरिए मांसपेशियों में दर्द कम हो सकता है। इस बीमारी का उपचार स्थिति की गंभीरता पर निर्भर करता है। फिलहाल कई विकल्प हैं जो आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकते हैं।

  • व्यायाम
    आपके जोड़ों और मांसपेशियों को अधिक लचीला बनाने में व्यायाम असरदार साबित हो सकता है। यदि आप प्रोफेशनल की मदद से करना चाहते हैं, तो यह बेतहर विचार हो सकता है, क्योंकि वे आपको व्यायाम का सही तरीका बता सकते हैं।
     
  • ब्रेसिज या स्प्लिंस
    यह मेडिकल उपकरण होते हैं, जिनकी मदद से अंगों को सही पोजिशन में रखने में मदद मिलती है।
     
  • ओनाबोटूलिनमटोक्सियाए (बोटॉक्स) और एबोबोटूलिनमटोक्सियाए (डिस्पोर्ट)
    यह दोनों इंजेक्शन हैं, जिनका उपयोग मांसपेशियों को आराम देने और ऐंठन से बचाने के लिए दिया जाता है। इसे सीधे मांसपेशियों में दिया जा सकता है।
     
  • सर्जरी
    यदि अन्य उपचार काम नहीं करते हैं, तो डॉक्टर सर्जरी कराने की सलाह दे सकते हैं।

यदि आपको किसी भी समय स्ट्रोक या मस्तिष्क में चोट लगने के बाद मांसपेशियों में जकड़न, ऐंठन या अंग के कठोर होने की समस्या दिखाई देती है तो आपको तुरंत अपने डॉक्टर को इस बारे में बताने की जरूरत है।

Dr. Virender K Sheorain

Dr. Virender K Sheorain

न्यूरोलॉजी
19 वर्षों का अनुभव

Dr. Vipul Rastogi

Dr. Vipul Rastogi

न्यूरोलॉजी
17 वर्षों का अनुभव

Dr. Sushil Razdan

Dr. Sushil Razdan

न्यूरोलॉजी
46 वर्षों का अनुभव

Dr. Susant Kumar Bhuyan

Dr. Susant Kumar Bhuyan

न्यूरोलॉजी
19 वर्षों का अनुभव

और पढ़ें ...
ऐप पर पढ़ें