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हमारे दांतों में तीन परतें होती हैं। बाहरी दो परतें ठोस होती हैं और चबाने में मदद करती हैं, जबकि सबसे निचली परत नरम होती है। दाँत का सबसे अंदरूनी नरम हिस्सा दांत का पल्प होता है। पल्प एक मुलायम ऊतक है जिसमें नसें और छोटी रक्त वाहिकाएं होती हैं।

यह पल्प क्राउन (आपके दांतों का बाहर दिखने वाला सफेद भाग) के साथ-साथ रूट कैनाल में भी होता है। रूट कैनाल एक छोटी ट्यूब है जो आपके प्रत्येक दांत की जड़ों में मौजूद होती हैं जो आमतौर पर एक स्वस्थ मुंह में बाहर से दिखाई नहीं देती है।

जब बैक्टीरियल संक्रमण या फ्रैक्चर के कारण आपके दाँत की बाहरी दो परतें क्षतिग्रस्त हो जाती हैं, तो इससे आपके दांत के पल्प में सूजन और दांतों में संक्रमण हो सकता है। यदि ऐसी परेशानी होती है, तो आपके डॉक्टर आपको रूट कैनाल उपचार कराने की सलाह देते हैं, जिसे संक्षेप में आरसीटी (RCT) के रूप में जाना जाता है।

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इस लेख में विस्तार से बताया गया है कि रूट कैनाल ट्रीटमेंट क्या है, RCT क्यों किया जाता है, कैसे किया जाता है और इसके साथ ही रूट कैनाल में दर्द, रूट कैनाल के बाद कैपिंग, साइड इफेक्ट्स, खर्च और रूट कैनाल के बाद रिकवरी के बारे में भी बताया गया है।

  1. रूट कैनाल ट्रीटमेंट क्या है - Root Canal treatment kya hota hai in hindi
  2. रूट कैनाल ट्रीटमेंट क्यों किया जाता है - Root Canal karne ke karan in hindi
  3. रूट कैनाल कैसे किया जाता है - Root Canal kaise karte hain in hindi
  4. रूट कैनाल में दर्द - Root Canal ke bad dard in hindi
  5. रूट कैनाल के बाद कैपिंग - Crown after Root Canal in hindi
  6. रूट कैनाल ट्रीटमेंट साइड इफेक्ट्स - Root Canal ke nuksan in hindi
  7. रूट कैनाल का खर्च - Root Canal cost in india in hindi
  8. रूट कैनाल के बाद रिकवरी - Root Canal ke baad recovery

रूट कैनाल ट्रीटमेंट एक प्रकार का दांतों उपचार होता है। जो संक्रमित दांतों की मरम्मत और उन्हें अधिक खराब होने से बचाने के लिए किया जाता है। रूट कैनाल ट्रीटमेंट की प्रक्रिया के दौरान, दांतों की जड़ से नर्व और संक्रमित पल्प को हटा दिया जाता है। इसके बाद दाँत की जड़ की सफाई करके उसे सील कर दिया जाता है।

अगर समय पर संक्रमण का उपचार नहीं किया जाता है तो उपचार के बिना, आपके दांत के आस-पास के ऊतक संक्रमित हो जाएंगे और जो बाद में दांत का फोड़ा बन सकते हैं। "रूट कैनाल " शब्द दांत की जड़ के अंदर की कैनाल की सफाई से जुड़ा है।

यदि आपको अपने दांत में दर्द का अनुभव होता है जो गर्म और ठंडी चीजों को खाने के बाद लगातार बना रहता है या लंबे समय तक रहता है, आपके मुंह में सूजन और दर्द होता है, इन लक्षणों के साथ ही आपके चेहरे की सूजन वाले हिस्से में तापमान बढ़ जाता है तो हमारी सलाह है कि आपको जल्दी से जल्दी किसी अच्छे दांतों के डॉक्टर को दिखाना चाहिए।

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वयस्कों में, रूट कैनाल ट्रीटमेंट की जरुरत इसलिए होती है क्योंकि दांत का संक्रमण जबड़े की हड्डी में भी फैल सकता है जो रोगी की हालत को अधिक गंभीर बना सकता है। यदि आपके दांत में गहरी कैविटी है, दाँत में फ्रैक्चर हुआ है या जब आप कैविटी भरवा रहे हैं तो आपके दांत की पल्प में संक्रमण हो सकता है। ऐसे मामलों में, आपको संक्रमण को हटाने और रूट कैनाल को भरने की आवश्यकता होती है।

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बच्चों में, दूध के दांतों को आम तौर पर आरसीटी की आवश्यकता नहीं होती है। यदि दांतों को बहुत अधिक नुकसान होता है तो ऐसे मामलों में, आपके दांतों के डॉक्टर द्वारा दांत सॉकेट से आपके बच्चे के दाँत को हटा दिया जाता है। इसका कारण यह है कि ज्यादातर, दूध के दांत की जगह जल्दी ही एक स्थायी दांत निकल जाता है।

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हालांकि, कुछ मामलों में, आपके बच्चे के नए दांत आने के समय से बहुत पहले अगर बच्चे का दांत अधिक खराब हो जाता है, तो आपके बच्चे के दूध के दांत के लिए आरसीटी की आवश्यकता पड़ती है। क्योंकि यदि एक संक्रमित या खराब दांत का इलाज नहीं किया जाता है, तो इसका पल्प मर जाता है और जबड़े की हड्डी संक्रमित होकर दांत का फोड़ा भी कर सकती है।

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आरसीटी या रूट कैनाल ट्रीटमेंट एक बहु-चरण प्रक्रिया है और आमतौर पर आपको डेंटिस्ट के पास एक से अधिक बार जाने की आवश्यकता होती है। यह इलाज एक सामान्य डेंटिस्ट के द्वारा या फिर एक एंडोडोंटिस्ट (रूट कैनाल उपचार में विशेषज्ञता प्राप्त डेंटिस्ट) द्वारा किया जा सकता है। आपके रूट कैनाल उपचार के लिए चरणबद्ध प्रक्रिया निम्नलिखित है -

उपचार के दौरान किसी भी आपात स्थिति से बचने के लिए आपके डेंटिस्ट आपकी वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति का एक विस्तृत इतिहास पता करते हैं।

इलाज शुरू करने से पहले यह भी महत्वपूर्ण है कि आप उन सभी दवाओं है की जानकारी अपने डेंटिस्ट को दें ताकि उपचार के दौरान किसी भी प्रकार की जटिलता को रोका जा सके।

इलाज की प्रक्रिया शुरू करने से पहले आपके डेंटिस्ट या तो आपको प्रभावित दांत की एक्स-रे लेने की सलाह दे सकते हैं या क्लिनिक में स्वयं ले सकते हैं। इलाज शुरू करने के लिए आपके डेंटिस्ट आपके दांत को सुन्न करने के लिए एनेस्थीसिया का उपयोग करते हैं।

इस पूरी प्रक्रिया में, आपके डेंटिस्ट दाँत को सूखा रखने और होंठों से दूर रखने के लिए सूती के रोल या रबर की शीट का उपयोग करते हैं। इससे कैनाल की सफाई और उन्हें भरते समय लार के कारण किसी भी तरह के प्रदूषण से बचाव होता है।

​दांत के पल्प तक पहुंचने के लिए आपके दाँत के ठोस ऊतकों के बीच से रास्ता बनाने में आपके डेंटिस्ट पानी के स्प्रे के साथ एक उपकरण का उपयोग करते हैं। इससे आपके क्राउन के सभी क्षतिग्रस्त हिस्सें बाहर निकल जाते हैं।

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इसलिए, यह न केवल आपके दाँत की जड़ों की सभी रूट कैनाल तक पहुंचने में मदद करता है, बल्कि यह अधिक गहराई में संक्रमण को फैलने से भी रोक देता है। इस चरण के बाद, डेंटिस्ट आपके दाँत के क्राउन से पल्प के ऊपरी बड़े हिस्से को हटाने के लिए एक हाथ से चलने वाले उपकरण का उपयोग कर सकते हैं।

आपके दांत की संकरी कैनाल से संक्रमित पल्प को निकालने के लिए सफाई की जाती है। डेंटिस्ट विभिन्न प्रकार के सुई जैसे यंत्रों का उपयोग करते हैं जो इस प्रक्रिया के लिए ही बने धारदार उपकरण होते हैं। इन्हें “फाइल” के रूप में जाना जाता है और इस तकनीक को फाइलिंग कहा जाता है।

आपके डेंटिस्ट स्टेराइल (रोगाणु मुक्त) पानी और कीटाणुशोधन रसायनों से हर बार आपकी रूट कैनाल को धोते हैं। सफाई और आकार (क्लीनिंग और शेपिंग) देने के बाद, आपके डेंटिस्ट रुट कैनाल में शेष बैक्टीरिया को मारने के साथ-साथ आपके अगले सत्र के लिए आने तक इसको फैलने से रोकने के लिए एंटीबायोटिक युक्त पेस्ट (इंट्राकेनल मेडिकैमेंट्स) से रुट कैनाल को भर सकते हैं।

इस पेस्ट पर, वे एक एंटीसेप्टिक में भिगोया हुआ कॉटन और अस्थायी सफेद चीज लगा कर कैनाल को अगले सत्र तक के लिए बंद कर देते हैं। यह अस्थायी तरीका आपके रूट कैनाल में लार से बैक्टीरिया के प्रवेश को रोकने के लिए उपयोग किया जाता है।

आपके डेंटिस्ट आपको सलाह देंगे कि क्लिनिक से जाने के एक घंटे बाद तक कुछ भी न पीएं। आपको सलाह दी जा सकती है कि अगले 24 घंटों तक इलाज वाली साइड से कुछ भी न चबाएं।

आपके पहले और दूसरे सत्र के बीच, डेंटिस्ट आपको कुछ एंटीबायोटिक्स और दर्द निवारक लेने के लिए सलाह दे सकते हैं ताकि संक्रमण, दर्द और सूजन कम हो सके।

आपके दूसरे सत्र पर, डेंटिस्ट आपके रुट कैनाल से अस्थायी भरण, कॉटन और एंटीबायोटिक पेस्ट निकाल देते हैं। उन्हें साफ करने के बाद, वे यह जांचने के लिए अंतिम मूल्यांकन करते हैं कि रक्तस्राव या पस निकलने के संकेत तो नहीं हैं। यदि ऐसा है, तो आपको इस सत्र में कुछ दवाईयाँ दी जाएंगी उन्हें लेने के बाद अंतिम उपचार के लिए आपको तीसरे सत्र के लिए आना पड़ सकता है।

यदि रूट कैनाल में कोई रक्तस्राव या पस नहीं है, तो आपके डेंटिस्ट यह सुनिश्चित करने के लिए कि अंदर रिक्त स्थान न रह जाए, दाँत और उसकी रूट कैनाल को अंतिम बार धोते हैं और प्रत्येक रूट कैनाल में एक कोन (कैनाल को भरने की शंकुधारी आकार वाली सामग्री) के साथ एक्स-रे लेते हैं।

धोने के बाद, कैनाल को पूरी तरह से सूखाने के लिए छोटे ट्यूब-जैसे आकार में मोड़े गए कागज (पेपर पॉइंट) का उपयोग किया जाता है। एक पेस्ट (सीलेंट - चिपकाने की सामग्री) जो रूट कैनाल की भीतरी सतह के साथ भरने वाली सामग्री को सील करता है, लगाया जाता है। सीलेंट लगाने के बाद, आपके डेंटिस्ट भरने वाली सामग्री से सभी रूट कैनाल को भर देंगे।

भरने के बाद, आपके दांत के क्राउन वाले हिस्से में स्थायी फिलिंग की जाती है। दाँत की ऊंचाई थोड़ी कम की जाती है ताकि यह विपरीत तरफ के दांत के संपर्क में न आए। इस प्रक्रिया से दांत पर चबाते समय कोई बल नहीं लगता है और इसे तेजी से ठीक होने में मदद मिलती है।

आपके दांतों में पाया जाने वाला पल्प एक जटिल ऊतक है। कभी-कभी, आपको एनेस्थीसिया देने के बाद भी दर्द का अनुभव हो सकता है। ऐसा तब होता है जब पूरा पल्प मरा न हो। इनमें से कुछ हिस्सा जीवित रह सकता है जो सुन्न नहीं होता है, क्योंकि एनेस्थीसिया वहाँ तक नहीं पहुँच पाता है।

कई बार, दांत में पल्प के ऊतक एनेस्थीसिया के लिए प्रतिरोधी का काम कर सकते हैं। एनेस्थीसिया के दो इंजेक्शन के बाद भी इस तरह के दाँत को सुन्न नहीं किया जा सकता है। इस दांत को “गर्म दांत” (हॉट टूथ) के रूप में जाना जाता है।

यदि जबड़े की हड्डी में पस (एक दांत का फोड़ा) बन जाता है, तो यह भी दाँत की नसों पर एनेस्थीसिया के असर को बाधित करता है। इसलिए भी आपको दर्द महसूस हो सकता है।

उपचार पूरा होने के बाद, आप थोड़ी देर के लिए दर्द का अनुभव कर सकते हैं। यह किसी भी उपचार के बाद शरीर की सामान्य प्रतिक्रिया होती है। इसके बारे में चिंतित होने की कोई जरुरत नहीं है। समय पर अपनी दवाएं लें और अपने दांतों के डॉक्टर द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें।

इलाज के बाद दर्द आमतौर पर एक से दो सप्ताह में कम हो जाता है। यदि यह इलाज के पंद्रह दिनों के बाद भी नहीं जाता है, तो आगे के चेक-अप के लिए अपने डॉक्टर के पास वापस जाएं।

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रूट कैनाल ट्रीटमेंट पूरा करने के बाद, आपके दांत को कैपिंग की आवश्यकता हो सकती है। यदि आपके प्राकृतिक क्राउन को नुकसान बहुत कम होता है, तो आपके डॉक्टर दांत के नुकसान वाले भाग को भरने के लिए सामने वाले दांतों में दांत के रंग की भरने वाली सामग्री का उपयोग करते हैं और पीछे के दांतों में दांतों की रंग की या सिल्वर रंग की सामग्री का उपयोग करते हैं।

हालांकि, अगर क्षति मध्यम से गंभीर है, तो कैपिंग करना आवश्यक होता है। कैपिंग या क्राउन प्लेसमेंट से जिस दांत का इलाज किया गया है उसको सहारा और मजबूती मिलती है। क्राउन के विभिन्न प्रकार उपलब्ध हैं और आपको अपने दाँत के लिए सबसे उपयुक्त क्राउन का चुनाव करने के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए।

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इस प्रक्रिया में, आपके दांत की चौड़ाई और ऊंचाई को एक बिजली से संचालित डिवाइस का उपयोग करके थोड़ा सा कम किया जाता है, इस डिवाइस में पानी का स्प्रे भी लगा हुआ होता है। आकार में यह कमी (जिसे क्राऊन काटने के रूप में जाना जाता है) नए क्राऊन को फिट करने की जगह बनाने के लिए की जाती है।

दांत काटने से पहले और बाद में, आपके डॉक्टर आपके क्राउन का एक साँचा बनाने के लिए दांत की एक प्रतिकृति लेते हैं जिससे आपका नया क्राउन आपके प्राकृतिक दांत के जैसा दिखता है। क्राउन एक दांतों की लेब में बनाया जाता है और आपके प्राकृतिक दांतों के आकार और रंग से मेल खाता है। एक प्रकार की सीमेंट का उपयोग करके, यह क्राउन कटे हुए दांत पर चिपका दिया जाता है।

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रूट कैनाल ट्रीटमेंट के आमतौर पर कोई दुष्प्रभाव नहीं होते हैं। हालांकि, कुछ व्यक्तियों को कभी-कभी साइड इफेक्ट्स या जटिलताओं का अनुभव हो सकता है जो निम्नलिखित हैं  -

  • आपको लंबे समय तक दांत में हल्के दर्द का अनुभव हो सकता है। यह आमतौर पर उन मामलों में होता है, जहां संक्रमण पहले जबड़े की हड्डी में भी था।
  • कभी-कभी, रूट कैनाल का जीवाणु उपचार के दौरान उपयोग की जाने वाली कीटाणुनाशकों के खिलाफ बहुत प्रतिरोधी होता है। इसलिए, वे या तो मरते नहीं हैं या लंबे समय तक निष्क्रिय रहते हैं और इलाज के कुछ समय बाद दांत में संक्रमण को फिर से शुरू कर देते हैं।
  • जब दुबारा होने वाला संक्रमण गंभीर हो जाता है, तो आपका उपचार असफल हो सकता है और आपको फिर से पूरी प्रक्रिया से गुजरना पड़ सकता है।
  • रक्त आपूर्ति बंद होने के कारण इलाज के बाद आपका दाँत नाजुक हो जाता है। नतीजतन, कुछ मामलों में जब आप किसी मजबूत चीज को दांतों से काटते हैं, तो आपका दाँत टूट सकता है या फ्रैक्चर हो सकता है।

उपचार के बाद दांतों की नियमित सफाई करें और समय-समय पर अपने डेंटिस्ट से जाँच करवाते रहे, इससे आपके दांत की लाइफ बड़ाई जा सकती हैं।

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रूट कैनाल ट्रीटमेंट की लागत आपके द्वारा इलाज के लिए चुनी गयी जगह और दांतों के डॉक्टर के हिसाब से अलग-अलग हो सकती है। एक विशेषज्ञ या रूट कैनाल ट्रीटमेंट में विशेषज्ञता प्राप्त दंत चिकित्सक (एंडोडोंटिस्ट) एक सामान्य दंत चिकित्सक से अधिक चार्ज कर सकता है।

आपके नए क्राऊन की लागत को छोड़कर उपचार लागत 2000-8000 रुपये तक हो सकती है। कैपिंग की लागत उस सामग्री के प्रकार जिससे आपका क्राउन बनाया जाता है और दंत चिकित्सक की विशेषज्ञता पर निर्भर करती है। यह आमतौर पर 1500 रुपये से शुरू होती है।

हालांकि, निजी अस्पतालों और क्लीनिकों की तुलना में सरकारी अस्पतालों और क्लीनिकों में रूट कैनाल ट्रीटमेंट की लागत बहुत कम होती है।

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रूट कैनाल ट्रीटमेंट के बाद आप कुछ हफ्तों के भीतर ठीक हो जाते हैं। आपकी रूट कैनाल के बाद रिकवरी इस बात पर निर्भर करती है कि शुरुआत में आपका संक्रमण कितना गहरा था।

दाँत तक सीमित संक्रमण चार से छह सप्ताह के भीतर ठीक हो जाता है। हालांकि, अगर संक्रमण जबड़े की हड्डी में भी फैल गया हो, तो आमतौर पर इसे पूरी तरह से ठीक होने में एक वर्ष लग जाएगा।

नोट - ये लेख केवल जानकारी के लिए है। myUpchar किसी भी सूरत में किसी भी तरह की चिकित्सा की सलाह नहीं दे रहा है। आपके लिए कौन सी चिकित्सा सही है, इसके बारे में अपने डॉक्टर से बात करके ही निर्णय लें।

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