फ्लटर किक्स बेस्ट एब्स एक्सरसाइज में से एक है, जिसे शुरू करना तो मुश्किल नहीं है, लेकिन 20 सेकंड के बाद एब्स में खिंचाव व दर्द महसूस होने लगता है. फ्लटर किक्स उन लोगों के लिए जरूरी एब्स एक्सरसाइज है, जो सिक्स पैक बनाने की इच्छा रखते हैं या अपने कोर को मजबूत रखना चाहते हैं.

आज इस लेख में आप फ्लटर किक्स करने के स्टेप्स, वेरिएशन, फायदे, कैलोरी बर्न और नुकसान के बारे में जानेंगे -

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  1. कैसे करते हैं फ्लटर किक्स?
  2. फ्लटर किक्स के प्रकार
  3. फ्लटर किक्स के फायदे
  4. फ्लटर किक्स से जुड़ी सावधानियां
  5. सारांश
फ्लटर किक्स करने का तरीका, फायदे के डॉक्टर

फ्लटर किक्स एक्सरसाइज को इसके क्लासिक वेरिएशन से शुरू करना चाहिए. इसे करते हुए पैरों को सीधे रखकर 45 डिग्री एंगल तक उठाया जाता है. आइए, विस्तार से जानते हैं कि ट्रेडिशनल फ्लटर किक्स को कैसे किया जाता है-

  • सबसे पहले समतल जगह पर योग मैट बिछाकर पीठ के बल लेट जाना है. 
  • अब दोनों हाथ हिप्स के नीचे रख लें.
  • फिर जमीन से दाहिने पैर को ऊपर की ओर उठाएं और पीठ के निचले हिस्से को जमीन पर ही टिकाए रखें. इसके बाद बाएं पैर को जमीन से कुछ इंच ऊपर उठाना है.
  • अब पैरों की पोजीशन को लगातार बदल कर फ्लटर किक्स को करना है. 
  • अधिक चैलेंज के लिए सिर को भी जमीन से थोड़ा ऊपर उठाया जा सकता है.
  • शुरुआत में इसे 10-12 की गिनती तक करना है. एक बार प्रैक्टिस हो जाने के बाद आप गिनती को बढ़ा सकते हैं.

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ऐसा माना जाता है कि अगर 70 किलो वजन का व्यक्ति 15 मिनट तक फ्लटर किक्स एक्सरसाइज करता है, तो वह 40 कैलोरी बर्न करता है. यहां हम फ्लटर किक्स के कई वेरिएशन बता रहे हैं, जिन्हें करते हुए पीठ की मांसपेशियां मजबूत होती हैं. इस एक्सरसाइज को थोड़ा बदलकर इसकी कठिनाई को कम या ज्यादा किया जा सकता है. आइए विस्तार से फ्लटर किक्स के वेरिएशन के बारे में जानते हैं -

क्रिस क्रॉस फ्लटर किक

इसे करने का तरीका नीचे बताया गया है-

  • पीठ के बल लेट जाएं.
  • दोनों हाथ हिप्स के नीचे होने चाहिए.
  • पीठ को जमीन पर रखते हुए दोनों पैरों को ऊपर की ओर उठाना है. 
  • दोनों पैरों को क्रिस क्रॉस की स्थिति में ले जाना है. दोनों पैर इस तरह से मूव होने चाहिए जैसे कैंची चलती है.
  • अधिक चैलेंज के लिए सिर को भी जमीन से ऊपर उठाया जा सकता है.
  • हर क्रॉस के समय पैरों को जितना चौड़ा किया जाएगा, पेट की मांसपेशियों में उतना ही ज्यादा असर महसूस होगा.

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प्रोन फ्लटर किक

यहां जानिए कि इसे कैसे करना चाहिए-

  • जमीन पर पेट के बल लेटकर घुटने को बाहर की ओर करते हुए हाथों को आपस में बांधते हुए चेहरे के सामने करना है.
  • फिर ठोड़ी को हाथों पर टिका लेना है. 
  • दोनों पैरों को जमीन से ऊपर की ओर उठाकर इस तरह से ऊपर-नीचे करना है, मानो स्विमिंग की जा रही हो.

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फ्लटर किक्स एक एब्डोमिनल एक्सरसाइज है, जो कोर मसल्स को मजबूती प्रदान करने में मददगार है. यह वेट लॉस करने को इच्छुक लोगों की वजन कम करने में भी मदद करती है. आइए, विस्तार से फ्लटर किक्स के फायदे के बारे में जानते हैं-

  • फ्लटर किक्स को करने से पोश्चर में सुधार होता है. 
  • व्यक्ति के संतुलन और स्टेबिलिटी में भी सुधार आता है.
  • पेट की मांसपेशियां मजबूत होती हैं.
  • रोजाना की शारीरिक गतिविधियों को करने में आसानी महसूस होती है.
  • इस एक्सरसाइज को लगातार करने से व्यक्ति को अपने फिटनेस लक्ष्य को पाने में मदद मिलती है, क्योंकि अधिकतर शारीरिक गतिविधियों के लिए मजबूत कोर की जरूरत पड़ती है. 
  • चूंकि, फ्लटर किक्स एक एब्डोमिनल एक्सरसाइज है, तो वेट लॉस करने और फ्लैट पेट पाने में यह अहम भूमिका निभाता है.

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फ्लटर किक्स शरीर की मांसपेशियों को मजबूती प्रदान करता है लेकिन इसे करते समय कुछ खास बातों पर ध्यान देना जरूरी है. यदि पहले से ही पीठ के निचले हिस्से में दर्द रहता है, तो फ्लटर किक्स करने से पीठ की परेशानी और बढ़ सकती है. आइए, विस्तार से फ्लटर किक्स के नुकसान और जोखिम के बारे में जानते हैं -

  • यदि किसी व्यक्ति को पीठ के निचले हिस्से में दर्द महसूस होता है, तो उसे फ्लटर किक्स करने से परहेज करना चाहिए. इस तरह से पीठ की परेशानी और बढ़ सकती है. 
  • इसे करते हुए कभी भी पीठ के निचले हिस्से को ऊपर की ओर नहीं उठाना चाहिए और न ही पीठ को आर्च वाली स्थिति में लाने की सलाह दी जाती है. इससे पीठ में चोट लग सकती है या दर्द महसूस हो सकता है.
  • इसे करते समय पेट के निचले हिस्से को एक्सरसाइज के द्वारा इंगेज रखने की कोशिश करनी चाहिए. ऐसा करने के लिए पेट के निचले हिस्से को पेट के अंदर खींचने की कोशिश करते समय सांस अंदर और फिर बाहर करनी चाहिए. फ्लटर किक्स करते समय पेट की मांसपेशियां इंगेज होनी चाहिए न कि पैर की मांसपेशियां. 
  • प्रेगनेंसी की पहली तिमाही में फ्लटर किक्स एक्सरसाइज को किया जा सकता है, लेकिन इसे दूसरी और तीसरी तिमाही में करने से परहेज करना चाहिए. फिर भी बेहतर होगा कि गर्भवती महिला इसे करने से पहले गायनाकोलॉजिस्ट से सलाह लें.

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पेट की मांसपेशियों के निचले हिस्से के वर्क आउट के लिए फ्लटर किक्स एक प्रभावशाली एक्सरसाइज है. इसे करने से व्यक्ति के पोश्चर में सुधार होता है और वेट लॉस करने में मदद मिलती है, लेकिन इस एक्सरसाइज को करते समय सेफ्टी पर खास ध्यान देना चाहिए. इसे करते हुए कभी भी पीठ के निचले हिस्से को ऊपर की ओर नहीं उठाना चाहिए, वरना पीठ में चोट लगने की आशंका रहती है. अगर इस एक्सरसाइज को लेकर किसी भी तरह का संशय है, तो बेहतर होगा कि किसी फिटनेस प्रोफेशनल की मदद ली जाए.

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Dr. Sudhakar Sharma

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