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मसूड़ों से खून आना वैसे तो आम बात है। सभी के मसूड़ों से कभी न कभी खून आता है। लेकिन कुछ लोगों को अक्सर मसूड़ों से खून आता रहता है। लगातार या अक्सर मसूड़ों से खून आना खतरनाक तो नहीं है लेकिन इसका उपचार कराना जरूरी है। मसूड़ों से खून आने का सबसे सामान्य वजह प्लाक माना जाता है। यहां हम आपको कुछ ऐसे घरेलू आइटम्स के नाम बताने जा रहे हैं, जो घरों में आसानी से उपलब्ध हैं और जिनके इस्तेमाल से आप मसूड़ों से खून बहने की समस्या से राहत पा सकते हैं।

  1. मसूड़ों से खून बहने का घरेलू उपाय है नमक पानी से कुल्ला करना - Masudo se khoon bahane ka gharelu upay hai namak pani ka galara
  2. मसूड़ों से खून बहने का घरेलू उपाय है शहद - Masudo se khoon bahane ka gharelu upay hai shahad
  3. मसूड़ों से खून बहने का घरेलू उपचार है हल्दी - Masudo se khoon bahane ka gharelu upay hai haldi
  4. मसूड़ों से खून रोकने का घरेलू उपाय है नारियल का तेल - Masudo se khoon rokne ka gharelu upay hai nariyal ka tel
  5. मसूड़ों से खून रोकने का घरेलू उपचार है सोडा - Masudo se khoon rokne ka gharelu upchar hai soda.
  6. मसूड़ों से खून रोकने के लिए घरेलू उपाय है लौंग - Masudo se khoon rokne ka gharelu upchar hai laung ka tel
  7. मसूड़ों से खून रोकने का घरेलू उपाय है ग्रीन टी - Masudo se khoon rokne ka gharelu upay hai green tea
  8. मसूड़ों से खून रोकने का घरेलू उपाय है ठंडे चीज से सिकाई - Masudo se khoon rokne ka gharelu upay hai kisi thandhe cheej se sekai
  9. मसूड़ों से खून रोकने का घरेलू उपाय है विटामिन सी वाले फल और सब्जियां - Masudo se khoon rokne ka gharelu upay hai vitamin c vale fal aur sabjiya

मसूड़ों से खून आने की स्थिति में नमक के पानी से गरारे करना फायदेमंद होता है। यह आसानी से घरों मे उपलब्ध होने के साथ सस्ता भी है। इसके इस्तेमाल की विधि भी सरल है। 

आवश्यक सामग्री:

  • एक चम्मच नमक
  • एक कप गर्म पानी

इस्तेमाल करने का तरीका:
एक कप पानी में थोड़ा सा नमक मिलाएं। उसे अच्छे से हिलाकर मिला लें। अब इस पानी से अच्छे से कुल्ला करें। 

कैसे काम करता है:
नमक में एंटीसेप्टिक और एंटी-इन्फ्लैमेटरी गुण पाए जाते हैं। इस कारण से नमक सूजन कम करने में मदद करता है। नमक-पानी का गरारा करने से ऐसे संक्रमणों से भी राहत मिलती है, जिनसे मसूड़ों में खून आता है।

कब-कब करें:
इस प्रक्रिया को दिन में तीन बार करें।

(और पढ़ें - मसूड़ों की सूजन के इलाज)

मसूड़ों से खून आने की समस्या में शहद कारगर होता है। इसे निम्नलिखित तरीके से इस्तेमाल किया जा सकता है:

आवश्यक सामग्री: 
शहद

इस्तेमाल करने का तरीका:
ऊंगली पर थोड़ा सा शहद लें। इसे हल्के-हल्के अपने मसूड़ों पर मसाज करें।

कैसे काम करता है:
शहद एंटीबैक्टेरियल होता है। इसमें मसूड़ों से सूजन और खून आने जैसे बैक्टेरियल संक्रमण से लड़ने के गुण पाए जाते हैं। इसमें मसूड़ों की सूजन कम करने वाले एंटी-इन्फ्लेमेटरी गुण भी पाए जाते हैं। यही कारण है कि शहद के इस्तेमाल से मसूड़ों में सूजन, खून आने समेत तमाम तरह की तकलीफों से राहत मिलती है। 

कब-कब इस्तेमाल करें:
दिन में कम से कम दो बार इसका इस्तेमाल करें।

(और पढ़ें - शहद और गर्म पानी के लाभ)

हमारे घरों में पाई जाने वाली हल्दी औषधीय गुणों से भरपूर होती है। तमाम तरह की घरेलू औषधियों का काम करने वाली हल्दी, मसूड़ों से खून निकलने से रोकने में भी काम आती है। 

आवश्यक सामग्री:

इस्तेमाल करने का सही तरीका:
थोड़ी सी हल्दी में, थोड़ा सा नमक और तेल मिलाकर उसका पेस्ट बना लें। अब इस पेस्ट को मसूड़ों पर हल्के-हल्के मसाज करें। 

कैसे काम करता है:
हल्दी एंटीमाइक्रोबियल और एंटी-इन्फ्लेमेटरी औषधि के रूप में जानी जाती है। हल्दी में पाये जाने वाला करक्यूमिन प्लाक शरीर में किसी भी तरह के सूजन और बैक्टीरिया को खत्म कर सकता है। 

इसे कब-कब इस्तेमाल करें:
ऐसा हर रोज दिन में दो बार करें।

मसूड़ों से खून आने की स्थिति में नारियल का तेल आसानी से उपलब्ध घरेलू उपायों में से एक है।

आवश्यक सामग्री:
एक चम्मच नारियल का तेल

कैसे इस्तेमाल करें:
नारियल के तेल को मुंह में लेकर 10-15 मिनट तक घुमाते रहें।

कैसे काम करता है:
नारियल में एंटी-इन्फ्लेमेटरी गुण होता है जिसके कारण इसके इस्तेमाल से मसूड़ों में सूजन और खून आने की समस्या से राहत मिलती है। नारियल के तेल में एंटीमाइक्रोबियल गुण पाया जाता है जिसके कारण यह दांतो को साफ रखने के काम भी आता है। 

कब-कब इस्तेमाल करें:
ऐसा रोज दिनभर में एक बार करें।

(और पढ़ें - दांत में दर्द का इलाज)

मसूड़ों से खून और सूजन से राहत के लिए बेकिंग सोड़ा घरेलू उपचार का काम करता है।

आवश्यक सामग्री:

  • एक चम्मच सोडा
  • एक मग गर्म पानी

कैसे इस्तेमाल करें:
एक मग गर्म पानी में बेकिंग सोड़ा मिला लें। उसे अच्छे से मिला लें। अब इस मिश्रण से खाने के बाद मुंह में लेकर अच्छे से कुल्ला करें।

ऐसा कब-कब करें:
ऐसा दिन में दो बार करें। 

कैसे काम करता है:
बेकिंग सोडा एल्केलाइन होता है। यह मुंह में एसिडिक बैक्टीरियल वेस्ट को साफ करता है और मुंह को साफ रखता है।

(और पढ़ें - दांतों में कीड़े का इलाज)

मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं के लिए लौंग एक बेहतरीन घरेलू सामग्री है। 

आवश्यक सामग्री:
लौंग

कैसे इस्तेमाल करें:
आप लौंग को मुंह में भी लेकर कुछ देर तक रखे रह सकते हैं। अगर आप चाहें तो दांत के दर्द से राहत पाने के लिए लौंग को चबा भी सकते हैं। इसके अलावा आप लौंग के तेल को मुंह के भीतर लगा भी सकते हैं। 

कैसे काम करता है:
लौंग का तेल एंटीसेप्टिक का काम करता है। एक शोध रिपोर्ट से पता चला है कि लौंग का तेल मुंह के बैक्टीरिया से लड़ने और मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं के लिए कारगर होता है। हाल में शोध से पता चला है कि लौंग या उससे बने खाद्य पदार्थों में एंटी-प्लाक और एंटी इन्फ्लेमेटरी एजेंट पाए जाते हैं। जिसके कारण लौंग मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं (सूजन, खून बहना) से राहत दिलाने का काम करता है। दांतों और मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं के लिए लौंग बहुत ही पुराने समय से घरेलू उपचार का काम करता है।

(और पढ़ें - दांतों में झनझनाहट का इलाज)

ग्रीन टी का नियमित इस्तेमाल करने से मसूड़ों से खून आने की समस्या से छुटकारा मिलता है। ग्रीन टी में कैटेचिन पाया जाता है। यह एक तरह का नेचुरल एंटीऑक्सीडेंट होता है। यह मुंह के बैक्टीरिया से लड़ने में मदद करता है।

आवश्यक सामग्री:
ग्रीन टी

इस्तेमाल करने का तरीका:
ग्रीन टी लें, उसे गर्म पानी में डालकर अच्छे से मिला लें। अब इस मिश्रण का सेवन करें। 

कैसे काम करता है:
हाल ही में 940 लोगों पर ग्रीन टी को लेकर किए गये शोध से पता चला है कि ग्रीन टी से लोगों के स्वास्थ्य में सुधार हुआ है। शोध के दौरान लोगों के ग्रीन टी के इस्तेमाल से पहले और ग्रीन टी के इस्तेमाल के बाद के स्वास्थ्य के आधार पर पाया गया कि ग्रीन टी के इस्तेमाल से न सिर्फ लोगों के स्वास्थ्य में सुधार आया, बल्कि उन्हें मुंह और मसूड़ों से जुड़ी समस्याओं से भी राहत मिली। इस आधार पर शोधकर्ताओं ने निष्कर्ष निकाला कि कोई व्यक्ति जितना अधिक ग्रीन टी का सेवन करता है, उसका स्वास्थ्य उतना ही बेहतर होता है।

ऐसा कब-कब करें:
इस आधार पर शोधकर्ताओं ने दिनभर में एक स्वस्थ आदमी को 3 से 4 कप ग्रीन टी सेवन करने की सलाह दी थी। हालांकि कुछ अन्य शोधकर्ताओं का मानना है कि बेहतर स्वास्थ्य के लिए आपको दिनभर में 10 कप तक ग्रीन टी का सेवन करना चाहिए।

(और पढ़ें - दांत दर्द के घरेलू उपाय)

मसूड़ों से खून आ रहे हैं तो इसका मतलब यह जरूरी नहीं है कि मसूड़ों में किसी तरह की बीमारी ही हो। इसलिए बर्फ या किसी ठंडी चीज से हल्के हाथ से दबाव देने पर समस्या से राहत मिल जाती है।

आवश्यक सामग्री:
बर्फ की छोटी-छोटी गोलियां

इस्तेमाल करने का तरीका:
बर्फ की गोलियां से हल्के हाथ मसू़ड़ों पर धीरे-धीरे दबाएं। इससे मसूड़ों से खून आने से राहत मिलेगी।

कैसे काम करता है:
कई बार मसूड़ों से खून आने की वजह ट्रॉमा या फिर मसूड़ों के टीशू में किसी तरह की कोई समस्या होती है। ऐसे में मसूड़ों पर बर्फ जैसे किसी ढंडी चीजों से हल्के हाथ दबाव देने पर भी राहत मिलती है।

कब-कब इस्तेमाल करें:
ऐसा 20-20 मिनट के अंतराल पर 20-20 मिनट तक दिन में कई बार करें।

(और पढ़ें - दांत में दर्द का आयुर्वेदिक इलाज)

विटामिन सी से भरपूर फलों का सेवन करने से पाचन तंत्र मजबूत रहता है। इसके अलावा विटामिन सी के सेवन से दांतों और मसूड़ों को भी ना ना प्रकार की तकलीफों से बचाया जा सकता है। 

आवश्यक सामग्री:
विटामिन सी इन चीजों में पर्याप्त मात्रा में पाई जाती है।

इस्तेमाल करने का तरीका:
इन सभी फलों या सब्जियों को इस्तेमाल करने का कोई निश्चित तरीका नहीं है। इनका सेवन इन्हें धुलकर कभी भी सुबह-शाम, खाने के पहले या खाने के बाद कर सकते हैं। 

कैसे काम करता है:
विटामिन सी के सेवन से मसूड़ों के उन संक्रमण से राहत मिलती है, जिनसे मसूड़ों से खून बहने की संभावना रहती है। इसके उलट अगर आप विटामिन सी का कम सेवन करते हैं तो विटामिन सी की कमी से आपको मसूड़ों से खून आने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

कब-कब इस्तेमाल करें: 
जैसा की ऊपर बताया गया है कि ये फल और सब्जियां हैं इसलिए इन्हें इस्तेमाल करने का कोई निश्चित मात्रा या निश्चित समय नहीं है। आप इन्हें अपनी सुविधानुसार इस्तेमाल कर सकते हैं।

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