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ट्यूमर क्या होता है?

ट्यूमर असामान्य कोशिकाओं के समूह होते हैं जो गांठ के रूप में विकसित होते हैं। ये हमारे शरीर की अरबों कोशिकाओं में से किसी एक में शुरू हो सकते हैं। एक ट्यूमर, जिसे नियोप्लाज्म भी कहा जाता है, ऊतक का असामान्य द्रव्यमान है जो ठोस या द्रव से भरा हो सकता है।

(और पढ़ें - न्यूरोएंडोक्राइन ट्यूमर क्या है)

ट्यूमर होने का अर्थ यह नहीं है कि आपको कैंसर हो गया है। कुछ ट्यूमर कैंसर जरूर बन सकते हैं, लेकिन ज्यादातर ट्यूमर कोई परेशानी नहीं पैदा करते। इन्हे "बिनाइन" (Benign) कहते हैं, यानी "कैंसर रहित"।

बिनाइन ट्यूमर एक प्रकार की गांठ या सूजन है और यह आवश्यक रूप से स्वास्थ्य को खतरा पैदा नहीं करता है। यह कैंसर की तरह आस-पास के ऊतकों तक नहीं पहुँचता और न ही शरीर के अन्य हिस्सों में फैलता।

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कैंसर रहित ट्यूमर कहीं भी बन सकते हैं। कई बार अपने शरीर में एक गांठ या द्रव्यमान, जिसे बाहर से महसूस किया जा सकता है, पाने पर लोग तुरंत यह मान लेते हैं कि यह कैंसर की गाँठ है। मिसाल के तौर पर, जिन महिलाओं को आत्म-परीक्षण के दौरान अपने स्तन में गांठ मिलती है वे अक्सर चिंतित हो जाती हैं। हालांकि, अधिकांश स्तन की गांठें मामूली होती हैं। वास्तव में, अधिकांश गांठें कैंसर रहित होती हैं।

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इलाज ट्यूमर की जगह और प्रकार पर निर्भर करता है और इसमें सर्जरी, कीमोथेरेपी, रेडियोथेरेपी या "टार्गेटेड ड्रग थेरेपी" शामिल है। बिनाइन ट्यूमर आमतौर पर ठीक होने के बाद वापस नहीं बढ़ते हैं।

(और पढ़ें - न्यूरोएंडोक्राइन ट्यूमर क्या है

  1. ट्यूमर कैसे होता है - How does a Tumour form in Hindi
  2. ट्यूमर के प्रकार - Types of Tumour in Hindi
  3. ट्यूमर के लक्षण - Tumour Symptoms in Hindi
  4. ट्यूमर के कारण - Tumour Causes in Hindi
  5. ट्यूमर के बचाव के उपाय - Prevention of Tumour in Hindi
  6. ट्यूमर का निदान - Diagnosis of Tumour in Hindi
  7. ट्यूमर का उपचार - Tumour Treatment in Hindi
  8. ट्यूमर के जोखिम और जटिलताएं - Tumour Risks & Complications in Hindi
  9. ट्यूमर की दवा - Medicines for Tumour in Hindi
  10. ट्यूमर की दवा - OTC Medicines for Tumour in Hindi
  11. ट्यूमर के डॉक्टर

ट्यूमर कैसे होता है - How does a Tumour form in Hindi

ट्यूमर अतिरिक्त कोशिकाओं से बने होते हैं। आम तौर पर, कोशिकाएं बढ़ती हैं और नई कोशिकाओं को बनाने के लिए विभाजित होती हैं क्योंकि आपके शरीर को उनकी आवश्यकता होती है। जब कोशिकाएं पुरानी हो जाती हैं, तो वे नष्ट हो जाती हैं, और नई कोशिकाएं उनका स्थान लेती हैं। कभी-कभी, यह प्रक्रिया गलत हो जाती है। जब आपके शरीर को आवश्यकता भी नहीं होती तब भी नई कोशिकाएं बनती हैं और पुरानी कोशिकाएं नष्ट नहीं होतीं। ये अतिरिक्त कोशिकाएं लगातार विभाजित हो कर ट्यूमर बन सकती हैं।

(और पढ़ें - गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल स्ट्रॉमल ट्यूमर क्या है)

ट्यूमर के प्रकार - Types of Tumour in Hindi

ट्यूमर कितने प्रकार के होते हैं?

ट्यूमर बढ़ते हैं और अलग-अलग व्यवहार करते हैं, जो कि इस पर निर्भर करता है कि वे कैंसर कारक (घातक) हैं, कैंसर-रहित (benign) हैं या कैंसर से पहले होने वाले (precancerous) ट्यूमर हैं।

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कैंसर कारक ट्यूमर

कैंसर शरीर के किसी भी हिस्से में शुरू हो सकता है। जब कैंसर कोशिकाएं एक गांठ बनाती हैं, तो इसे कैंसरयुक्त ट्यूमर कहा जाता है। एक ट्यूमर कैंसरयुक्त तब होता है जब :

  • वह पास के ऊतकों में पहुँचता है (और पढ़ें - नरम ऊतक सरकोमा क्या है)
  • उसमें ऐसी कोशिकाएं हैं जो दूर हो सकती हैं और रक्त या लिम्फैटिक प्रणाली से यात्रा कर सकती हैं और शरीर के अन्य हिस्सों और लिम्फ नोड्स में फैल सकती हैं (और पढ़ें - लिम्फोमा क्या है)

कैंसर जो शुरू होने वाली जगह से (जिसे प्राथमिक ट्यूमर कहा जाता है) शरीर के किसी नए हिस्से में  फैलता है उसे मेटास्टेटिक कैंसर कहा जाता है।

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जब कैंसर कोशिकाएं फैलती हैं और नया ट्यूमर बनाती हैं, तो नए ट्यूमर को मेटास्टेसिस कहा जाता है।

(और पढ़ें - बोन मेटास्टेसिस क्या है)

कैंसर रहित ट्यूमर (नॉन कैंसरस ट्यूमर)

ट्यूमर जिनमें कैंसर नहीं होता उन्हें नॉन-कैंसरस ट्यूमर कहा जाता है। नॉन-कैंसरस ट्यूमर:

  • एक स्थान पर रहते हैं और शरीर के अन्य हिस्सों में नहीं फैलते (और पढ़ें - ब्रेन कैंसर क्या है)
  • हटाए जाने के बाद आमतौर पर वापस नहीं आते
  • एक नियमित आकार के होते हैं और उनपर कैप्सूल नामक एक कवर होता है
  • इनको ऊतक में आसानी से स्थानांतरित किया जा सकता है

ट्यूमर के लक्षण - Tumour Symptoms in Hindi

ट्यूमर के क्या लक्षण हैं?

सभी ट्यूमर, चाहे उनमें कैंसर हो या नहीं, कुछ न कुछ लक्षण जरूर पैदा करते हैं।

ट्यूमर के स्थान के आधार पर, कई लक्षण महत्वपूर्ण अंगों या इंद्रियों के कार्य को प्रभावित कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, यदि आपको ब्रेन ट्यूमर है, तो आप सिरदर्द, दृष्टि की परेशानी और अस्पष्ट स्मृति का अनुभव कर सकते हैं।

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अगर ट्यूमर त्वचा के करीब या पेट के नरम ऊतक के क्षेत्र में होता है, तो गाँठ स्पर्श से महसूस की जा सकती है।

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स्थान के आधार पर, एक कैंसर रहित ट्यूमर के संभावित लक्षण निम्नलिखित हैं :

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कैंसर रहित ट्यूमर काफी बड़े हो सकते हैं, खासकर यदि वह त्वचा के करीब है। हालांकि, ऐसे ज्यादातर ट्यूमर असुविधा या दर्द नहीं करते। अगर करते हैं तो उन्हें हटाया जा सकता है। उदाहरण के लिए, लिपोमास (वसा कोशिकाओं का ट्यूमर), काफी बड़ा हो सकता है, लेकिन आम तौर पर मुलायम, चलायमान और दर्द रहित होते हैं। त्वचा पर दिखाई देने वाले कैंसर रहित ट्यूमर से त्वचा का रंग भी बिगड़ सकता है, जिससे असामान्य दिखने वाले तिल हो सकते हैं।

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डॉक्टर को कब दिखाएं?

असामान्य दिखने वाला कोई भी लक्षण डॉक्टर द्वारा जांचा जाना चाहिए। अगर आपको अपने शरीर में कोई गांठ मिलती है जो आपको लगती है कि यह ट्यूमर हो सकती है, तो उसकी डॉक्टर द्वारा जांच करवाएं। जितनी जल्दी ट्यूमर की पहचान की जाए, उतनी तेज़ी से इसका इलाज किया जा सकता है।

ट्यूमर के कारण - Tumour Causes in Hindi

ट्यूमर क्यों होता है?

बिनाइन (कैंसर-रहित) ट्यूमर का सटीक कारण अक्सर अज्ञात होता है। यह तब होता है जब शरीर में कोशिकाएं अत्यधिक दर पर विभाजित होती और बढ़ती हैं। आम तौर पर, शरीर सेल के विकास और विभाजन को संतुलित करने में सक्षम होता है। जब पुरानी या क्षतिग्रस्त कोशिकाएं नष्ट हो जाती हैं, तो स्वचालित रूप से उनकी जगह नई, स्वस्थ कोशिकाएं ले लेती हैं। ट्यूमर के मामले में, मृत कोशिकाएं बनी रहती हैं और गांठ बन जाती है जिसे ट्यूमर कहा जाता है।

(और पढ़ें - योनि में गांठ क्यों होती है)

कैंसर कोशिकाएं भी इसी तरह बढ़ती हैं। हालांकि, कैंसर-रहित कोशिकाओं से विपरीत, कैंसर कोशिकाएं आस-पास के ऊतकों तक पहुँच सकती हैं और शरीर के अन्य हिस्सों में फैल सकती हैं।

(और पढ़ें - अंडकोष कैंसर क्या है)

ट्यूमर होने की आशंका किन वजहों से बढ़ जाती है:

  • ट्यूमर किसी भी उम्र में हो सकता है, लेकिन आमतौर पर उम्रदराज लोगों को ये ज़्यादा होता है। (और पढ़ें - बढ़ती उम्र की समस्याएं)
  • शोधकर्ताओं का मानना ​​है कि घातक ट्यूमर कई कारणों के संयोजन का परिणाम होता है, जिसमें सबसे महत्वपूर्ण आनुवांशिक और वातावरण से संबंधित हैं।
  • लोग अपने माता-पिता से कुछ प्रकार के ट्यूमर विकसित करने की प्रवृत्ति प्राप्त कर सकते हैं
  • इसके अलावा, धूम्रपान करना, प्रदूषक, और बहुत अधिक सूर्य की रोशनी जैसे हानिकारक पदार्थों के संपर्क में बार-बार आना कोशिकाओं को नुकसान पहुंचा सकता है और ट्यूमर बनने की प्रक्रिया को ट्रिगर कर सकता है।

ट्यूमर के बचाव के उपाय - Prevention of Tumour in Hindi

ट्यूमर से कैसे बचें?

एक स्वस्थ जीवन शैली बनाए रखने, व्यायाम करने और संतुलित आहार खाने से कुछ प्रकार के कैंसर सहित स्वास्थ्य समस्याओं को रोका जा सकता है, लेकिन कैंसर रहित ट्यूमर के लिए प्राकृतिक या वैकल्पिक उपचार नहीं हैं।

(और पढ़ें - स्वस्थ जीवन जीने के तरीके)

स्वस्थ जीवन शैली को बनाए रखने से, तम्बाकू और शराब से परहेज करके कुछ घातक ट्यूमर से बचा जा सकता है।

ट्यूमर का निदान - Diagnosis of Tumour in Hindi

ट्यूमर का परीक्षण कैसे होता है?

आपकी हालत का परीक्षण करने के लिए, डॉक्टर आपको आपके चिकित्सा इतिहास और आपके द्वारा अनुभव किए जा रहे लक्षणों के बारे में प्रश्न पूछेंगे और शारीरिक परीक्षण करेंगे। यदि यह अनिश्चित है कि ट्यूमर मौजूद है या नहीं, या अगर ट्यूमर का चरित्र अज्ञात है, तो निम्न परीक्षण किये जा सकते हैं:

  • सीटी स्कैन - 
    सीएटी स्कैन तकनीक कंप्यूटर उपकरणों और प्रोग्रामिंग के साथ एक्स-रे इमेजिंग को जोड़ती है ताकि शरीर की विस्तृत - यहां तक कि 3डी - छवियां उत्पन्न हो सकें। ये तकनीक परीक्षण और उपचार के लिए ऊतकों के करीबी अध्ययन और यदि आवश्यक हो तो ट्यूमर सर्जरी में मदद करता है।  
     
  • ब्लड टेस्ट - 
    हड्डी के ट्यूमर (विशेष रूप से कैंसर कारक) की मौजूदगी के किसी भी संकेत का पता लगाने के लिए रक्त लिया जाता है और परीक्षण किया जाता है। (और पढ़ें - रीढ़ की हड्डी में ट्यूमर क्या है)
     
  • एमआरआई - 
    इसमें एक्स-रे या सीएटी स्कैन इमेजिंग की तुलना में पूरी तरह से अलग सिद्धांतों का उपयोग होता है। एक शक्तिशाली चुंबकीय क्षेत्र, सटीक उद्देश्य से रेडियो तरंगों और उन्नत कंप्यूटर तकनीक का उपयोग शरीर की अत्यधिक विस्तृत छवियों प्रस्तुत करने के लिए किया जाता है। एमआरआई विशेष रूप से यह निर्धारित करने में उपयोगी होता है कि किस तरह के ऊतक मौजूद हैं, जो इसे ट्यूमर जैसे अस्वस्थ ऊतकों की पहचान के लिए एक उत्कृष्ट उपकरण बनाता है।
     
  • एक्स-रे -
    अधिकांश मामलों में उपयोग किया जाने वाला प्रारंभिक परीक्षण एक्स-रे है, जिसे रेडियोग्राफ भी कहा जाता है। शरीर के माध्यम से गुजरने में सक्षम एक विशेष प्रकार के विद्युत चुम्बकीय विकिरण का उपयोग संदिग्ध ट्यूमर के क्षेत्र की छवियों को बनाने के लिए किया जाता है। चूंकि ट्यूमर ऊतक एक्स-रे विकिरण को आसपास के सामान्य ऊतकों से अलग तरीके से लेता है, इसलिए रेडियोग्राफ ट्यूमर की उपस्थिति को प्रकट करता है जिससे प्रभावी ट्यूमर उपचार हो सकता है।
     
  • बायोप्सी -
    ​बायोप्सी एक अपेक्षाकृत नियमित तकनीक है जो एक संदिग्ध ट्यूमर से ऊतक के नमूने को प्राप्त करने और विश्लेषण करने के लिए उपयोग की जाती है। एक विशेष प्रकार की बायोप्सी में, स्थानीय एनेस्थेटिक दिया जाता है, एक सुई ऊतक में डाली जाती है ,एक छोटा सा नमूना लिया जाता है और विश्लेषण किया जाता है।  कुछ मामलों में, एनेस्थीसिया दे कर एक खुली बायोप्सी की जाती है, एक छोटा चीरा बनाया जाता है और एक छोटे ऊतक का नमूना लिया जाता है और परीक्षण किया जाता है।

(और पढ़ें - लेप्रोस्कोपी क्या है)

ट्यूमर का उपचार - Tumour Treatment in Hindi

ट्यूमर का इलाज क्या है?

  • यदि ट्यूमर कैंसर कारक नहीं है और स्वास्थ्य के लिए खतरा नहीं पैदा कर रहा है तो डॉक्टर केवल उस पर रखने को कह सकते हैं। ऐसे में वे शायद किसी तरह का उपचार भी न करें क्योंकि कई मामलों में, विशेष रूप से बच्चों में, इस तरह के ट्यूमर अपने आप गायब हो जाते हैं।
  • अगर ट्यूमर कैंसर कारक पाया जाता है, तो उपचार बेहद महत्वपूर्ण है। ट्यूमर का प्रकार और स्थान और यह पता होना कि कैंसर शरीर के अन्य हिस्सों में फैलना शुरू हो गया है या नहीं, इलाज की विधि या विधियों का निर्धारण करता है। (और पढ़ें - योनि का कैंसर क्या है)
  • हड्डी के ट्यूमर के गैर-सर्जिकल उपचार में रेडिएशन थेरेपी (कैंसर कोशिकाओं को मारने और ट्यूमर को कम करने के लिए शक्तिशाली एक्स-रे किरणों का उपयोग करना) और कीमोथेरेपी (शरीर के माध्यम से फैले ट्यूमर कोशिकाओं को मारने के लिए कैंसर-नाशक दवाओं का उपयोग) शामिल हैं।
  • चूंकि कुछ प्रकार के कैंसर रहित ट्यूमर भी अंततः घातक हो सकते हैं और फैल सकते हैं, इसलिए डॉक्टर एक्सीजन (सर्जरी द्वारा हड्डी का ट्यूमर हटाना) को कह सकते हैं। ट्यूमर की मौजूदगी से कमजोर हुई हड्डी टूटने से बचाने के लिए भी ट्यूमर हटाने की सलाह दी जा सकती है।
  • ज्यादातर मामलों में, ऑपरेशन के माध्यम से हड्डी के घातक (कैंसर कारक) ट्यूमर को हटा दिया जाना चाहिए। कैंसर के प्रसार या वापसी के जोखिम को कम करने के लिए अक्सर सर्जरी का उपयोग विकिरण और रासायनिक उपचार के संयोजन में किया जाता है। इसे "अंग बचाव सर्जरी" (limb salvage surgery) कहा जाता है। इसमें केवल कैंसर वाले ऊतकों को हटा दिया जाता है, आसपास की हड्डी, मांसपेशियों, नसों और रक्त वाहिकाओं को नहीं छुआ जाता। कुछ मामलों में, हटाई गई हड्डी को धातु प्रत्यारोपण या प्रत्यारोपित हड्डी ऊतक द्वारा रिप्लेस किया जा सकता है। (और पढ़ें - बोन कैंसर का इलाज)
  • यदि हड्डी का ट्यूमर बहुत बड़ा हो और उससे पास के ऊतक भी प्रभावित हो रहे हों (जैसे मांसपेशियां या रक्त वाहिकाएं), तो कैंसर के ऊतकों को खत्म करने और शेष शरीर की रक्षा करने के लिए अंग काटना आवश्यक होता है। (और पढ़ें - स्तन कैंसर की सर्जरी)

ट्यूमर के जोखिम और जटिलताएं - Tumour Risks & Complications in Hindi

ट्यूमर की जटिलताएं क्या हैं?

घातक (Malignant) ट्यूमर ऐसे कैंसर कारक ट्यूमर होते हैं जिनसे मृत्यु भी हो सकती है। कैंसर रहित ट्यूमर के विपरीत, घातक ट्यूमर तेजी से बढ़ते हैं, नए क्षेत्र में फैल सकते हैं। इस प्रक्रिया को मेटास्टेसिस कहा जाता है। असामान्य कोशिकाएं जो एक घातक ट्यूमर बनाती हैं वे ज़्यादा तेज़ी से बढ़ती हैं।

Dr. Susovan Banerjee

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ऑन्कोलॉजी

Dr. Rajeev Agarwal

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ऑन्कोलॉजी

Dr. Nitin Sood

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ऑन्कोलॉजी

ट्यूमर की दवा - Medicines for Tumour in Hindi

ट्यूमर के लिए बहुत दवाइयां उपलब्ध हैं। नीचे यह सारी दवाइयां दी गयी हैं। लेकिन ध्यान रहे कि डॉक्टर से सलाह किये बिना आप कृपया कोई भी दवाई न लें। बिना डॉक्टर की सलाह से दवाई लेने से आपकी सेहत को गंभीर नुक्सान हो सकता है।

Medicine NamePack SizePrice (Rs.)
SBL Carica papaya Mother Tincture QSBL Carica papaya Mother Tincture Q 76
SBL Dibonil DropsSBL Dibonil Drops 84
SBL Mercurius auratus DilutionSBL Mercurius auratus Dilution 1000 CH86
Bjain Carica papaya DilutionBjain Carica papaya Dilution 1000 CH175
Bjain Carica papaya Mother Tincture QBjain Carica papaya Mother Tincture Q 143
Omeo D-FVR Plus SyrupOmeo D-FVR Plus Syrup 223
Schwabe Buxus sempervirens MTSchwabe Buxus sempervirens MT 284
SBL Kalmegh SyrupSBL Kalmegh Syrup 72
SBL Buxus sempervirens DilutionSBL Buxus sempervirens Dilution 1000 CH86
Bjain Mercurius auratus DilutionBjain Mercurius auratus Dilution 1000 CH63
SBL Cadmium metallicum DilutionSBL Cadmium metallicum Dilution 1000 CH86
Schwabe Mercurius auratus CHSchwabe Mercurius auratus 1000 CH96
Schwabe Carica papaya MTSchwabe Carica papaya MT 88
Dr. Reckeweg Carica Papaya QDr. Reckeweg Carica Papaya Q 232
SBL Gymnema sylvestre DilutionSBL Gymnema sylvestre Dilution 1000 CH86
SBL Urea pura DilutionSBL Urea pura Dilution 1000 CH86
Dr. Reckeweg Gymnema Sylvestre QDr. Reckeweg Gymnema Sylvestre Q 176
SBL Gymnema sylvestre Mother Tincture QSBL Gymnema sylvestre Mother Tincture Q 76
SBL Carica papaya DilutionSBL Carica papaya Dilution 1000 CH86
SBL Kalmegh Paediatric DropsSBL Kalmegh Paediatric Drops 56
Schwabe Buxus sempervirens CHSchwabe Buxus sempervirens 1000 CH96
Bjain Urea pura DilutionBjain Urea pura Dilution 1000 CH63
Schwabe Cadmium metallicum CHSchwabe Cadmium metallicum 1000 CH96
SBL Perilla frutescens DilutionSBL Perilla frutescens Dilution 1000 CH86

ट्यूमर की दवा - OTC medicines for Tumour in Hindi

ट्यूमर के लिए बहुत दवाइयां उपलब्ध हैं। नीचे यह सारी दवाइयां दी गयी हैं। लेकिन ध्यान रहे कि डॉक्टर से सलाह किये बिना आप कृपया कोई भी दवाई न लें। बिना डॉक्टर की सलाह से दवाई लेने से आपकी सेहत को गंभीर नुक्सान हो सकता है।

OTC Medicine NamePack SizePrice (Rs.)
Divya Pradarsudha Syrup (For Menorrhagia)Divya Pradarsudha Syrup (For Menorrhagia)64

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