मखाना (Lotus seeds) भारत में प्राचीन काल से ही व्रत व धार्मिक पर्वों में इस्तेमाल होने वाली एक खाद्य पदार्थ है। मखाने का उत्पादन भारत, कोरिया (Korea) और जापान (Japan) में किया जाता है। मखाने भूरे रंग के छिलके या सफेद श्रेणियों में पाए जाते हैं। एशिया में मखाना बहुत ही महतवपूर्ण माना जाता है और इसका इस्तेमाल दवाओं और व्यंजनों में भी किया जाता है। यह बाजार में आसानी से उपलब्ध है। परंतु क्या आप जानतें हैं, यह पौष्टिक तत्वों में बादाम और अखरोट से भी उत्तम हैं। इन बीजों में मैग्नीशियम, पोटेशियम और फास्फोरस अधिक मात्रा में पायें जातें है जबकि संतृप्त फैट, सोडियम और कोलेस्ट्रॉल जैसे तत्व निम्न मात्रा में। यह प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, फाइबर, आयरन और जिंक का भी एक अच्छा स्रोत हैं। मखाना में फाइबर भी अधिक मात्रा में पाया जाता है। मखाने शरीर से सभी प्लीहा को खत्म करने में मदद करते हैं और शरीर में अनावश्यक कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बनाए रखता है। पोटेशियम दिल के लिए काफी फायदेमंद है जो गर्मी में तापघात और उच्च रक्तचाप के जोखिम को कम कर देता है। बहुत सारे औषधिए और आयुर्वेदिक गुण इसमें निहित हैं, जिनमें से कुछ निम्नलिखित हैं:-

  1. मखाने के फायदे और औषधीय गुण - Makhana ke fayde in Hindi
  2. मखाने के नुकसान - Makhana ke nuksan in Hindi
  3. मखाने की तासीर - Makhane ki taseer in Hindi
  4. मखाना खाने का सही तरीका - Makhana khane ka sahi tarika in Hindi
  5. मखाना के अन्य फायदे - Other benefits of Makhana in Hindi

मखाने के फायदे स्वस्थ शरीर के लिए - Makhana Benefits for Healthy Body in Hindi

मखाने बहुत सारे पोषक तत्वों से परिपूर्ण हैं और थकावट को मिटा शरीर को ऊर्जा से भर देता है। यह शरीर को स्वस्थ व निरोग बनाने में भी अत्यंत फलदायी है। 

  • मखानों में कोलेस्ट्रॉल, फैट और सोडियम की मात्रा कम होती है। आप मखाने को स्नैक्स के रूप में भी खा सकते हैं।
  •  मखानों में मैग्नीशियम की अधिक और सोडियम की कम मात्रा होती है इसलिए इसका सेवन करना उन लोगों के लिए फायदेमंद होता है जो उच्च रक्तचाप, हृदय रोग और मोटापा से पीड़ित होते हैं। (और पढ़ें - मोटापा कम करने के लिए डाइट चार्ट)
  • इनमे ग्लाइसेमिक इंडेक्स (glycemic index) की मात्रा कम होती है इसलिए मखानों का सेवन करना मधुमेह से पीड़ित लोगों को करने की सलाह दी जाती है। (और पढ़ें - डायबिटीज में क्या खाना चाहिए)
  • इसके अलावा, मखाने में एक प्राकृतिक घटक भी मौजूद होता है जिसे कैम्प्फेरोल (kaempferol) कहा जाता है, यह सूजन और उम्र के बढ़ने को रोकने में मदद करता है।
  • आयुर्वेदिक मान्यताओं का कहना है की मखाने में गुर्दे को लाभ देने वाले पदार्थ भी मौजूद होते हैं।
  • मखाना ग्लूटेन (gluten) मुक्त, प्रोटीन समृद्ध और कार्बोहाइड्रेट में उच्च होते हैं।
  • मखानों में कैलोरी की मात्रा कम होती है, जिससे उन्हें वजन घटाने के लिए भी खाया जाता है।

(और पढ़ें – थकान दूर करने के लिए क्या खाएं)

मखाना खाने के लाभ मधुमेह के लिए - Makhana for Diabetes in Hindi

मखाना मधुमेह के रोगी के लिए एक उत्तम नाश्ता है। यह उनके लिए पौष्टिक तो है ही किंतु साथ ही में यह उनके रक्त शर्करा स्तर (blood sugar level) को भी नियंत्रण में रखता है। 

(और पढ़ें - डायबिटीज में परहेज)

मखाना उच्च रक्तचाप में सहायक - Makhana Benefits for High Blood Pressure in Hindi

मखाने में पोटेशियम अच्छी मात्रा में पाया जाता है जो रक्त प्रवाह को संचालित कर रक्त दवाब को कम करता है और हाई बीपी से राहत दिलाता है। यह सोडियम पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है। जो व्यक्ति उच्च रक्तचाप, तनाव और रक्तचाप से पीड़ित हैं उनके लिए मखाने का सेवन करना काफी लाभदायक हो सकता है क्यूंकि इनमें पोटैशियम की अधिक मात्रा होती है जो इन विकारों को कम करने में मदद करती है। मखाने पोटेशियम में समृद्ध होते हैं लेकिन इनमे सोडियम की कम मात्रा होती है जो उच्च रक्तचाप वाले मरीजों के लिए फायदेमंद है।

(और पढ़ें - bp kam karne ke upay)

मखाने नींद ना आने का घरेलू उपचार - Makhana Benefits for Insomnia in Hindi

यह निद्रा संबंधित रोगों का एक प्रभावी उपचार हैं। यह तनाव को दूर कर एक शांतिपूर्ण निंद्रा दिलाने में सहायक है। इसमें प्रशान्ति के गुण पायें जातें हैं जो बेचैनी व घबराहट को भी कम करने में लाभदायक हैं। मखाना (कमल के बीज) एक प्राकृतिक शामक है जो अनिंद्रा को दूर रखता है। मखाने का सेवन करने से आपकी तंत्रिकाओं को आराम मिलता है और आपको बेहतर नींद आती है। यह रक्त वाहिकाओं की प्रसार प्रक्रिया में भी मदद करते हैं और अच्छा महसूस करवाने में मदद करते हैं, मखानों  में ऐसा इसोक्वीनोलिने अल्कलॉइड्स (isoquinoline alkaloids) की उपस्थिति के कारण होता है।

(और पढ़ें – नींद ना आने के आयुर्वेदिक उपाय)

दस्त का देसी इलाज हैं मखाने - Benefits of Makhana for Diarrhoea and Loose Motion in Hindi

मखाने में एक ऐसा गुण होता है जो दस्त को ठीक करने में मदद करता है। घी में भुने हुए मखाने खाने से दस्त में लाभ मिलता है, चाहे वह जीर्ण दस्त (chronic Constipation) ही क्यूँ ना हो। यह एक क्षुधावर्धक (appetizer) भी है और भूख में सुधार लाने के लिए प्रयोग किया जाता है। यदि आप लंबे समय तक दस्त से पीड़ित हैं, तो मखाना खाना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है क्योंकि इसमें उच्च मात्रा में कास्टिक गुण होते हैं जिन्हें दस्त को ठीक करने में और भूख बढ़ने में फायदेमंद माना जाता है।

(और पढ़ें - दस्त का घरेलू इलाज)

मखाने के गुण दें कब्ज से राहत - Benefits of Makhana for Constipation in Hindi

चूँकि यह फाइबर से निहित है, यह कब्ज को भगाने में भी सहायक है।

(और पढ़ें – कब्ज के रामबाण इलाज)

मखाने यौन रोग में सहायक - Benefits of Makhana In Sexual Disorders in Hindi

असहज जीवन शैली यौन रोग का सबसे सामान्य कारण है। अध्ययन से पता चला है की मखाने का सेवन करने से यौन रोग दूर हो सकते हैं। मखाने का सेवन करने से वीर्यपात एवं शीघ्रपतन जैसे यौन रोगों में सुधार आता है और यौन शक्ति भी बढ़ती है। यह एक कामोद्दीपक (aphrodisiac) के रूप में कार्य करता है और सेक्स (Sex) की इच्छा को बढ़ाने के साथ-साथ शुक्राणुओं की गुणवत्ता और गतिशीलता में सुधार लाता है। यह महिलाओं में भी यौन विकारों से मुक्ति दिला बांझपन को उपजाऊपन (Fertility) में बदल देता है।

(और पढ़ें- सेक्स कैसे करें)

 

मखाने का उपयोग गर्भावस्था के लिए - Makhana for Pregnancy in Hindi

यह माँ और शिशु दोनों को ही स्वस्थ रखने में लाभदायक है। गर्भावस्था के बाद आने वाली कमज़ोरी को भगाने का यह एक अच्छा उपाय है। मखाने में निहित अधिक पोषक तत्व गर्भवती महिलाओं के लिए अच्छा माना जाता है, खासकर उन महिलाओं के लिए जिन्हे गर्भावस्था में मधुमेह होने का अधिक जोखिम है। मखाने में मौजूद उच्च रक्तचाप और उच्च कैल्शियम भ्रूण विकास के लिए बहुत अच्छा है।

 

(और पढ़ें –  स्तनपान के फायदे और गर्भावस्था के दौरान पेट दर्द)

वज़न कम करने का घरेलू उपाय है मखाना - Makhana for Weight Loss in Hindi

मखाने शक्ति एवं ऊर्जा का स्रोत तो होते ही हैं, परंतु यह वज़न प्रबंधन में भी सहायक हैं। यह शरीर में वसा की मात्रा में कमी लातें हैं और स्वस्थ वज़न का अनुरक्षण करते हैं। अल्पाहार के बदले में मखाने का सेवन करना एक स्वस्थ और स्वादिष्ट विकल्प है। मखाना में प्रोटीन अधिक मात्रा में होता है, जो आपके शरीर में फैट को कम करने में मदद करता है। नियमित रूप से एक कटोरे मखाने को स्नैक के तौर पर खाने से वजन कम हो सकता है।

(और पढ़ें - वजन कम करने के घरेलू उपाय)

झुर्रियों से छुटकारा पाने का नुस्खा है मखाना - Makhana Benefits for Wrinkles in Hindi

मखाने में मौजूद फ्लेवोनोइड्स (Flavonoids) एंटी-ऑक्सीडेंट होता है। यह मुक्त कणों से लड़ता है और उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करता है। यह आपके स्वास्थ्य में सुधार करता है। मखाने त्वचा को पोषित कर झुर्रियों से छुटकारा दिलाते हैं। मखाना खाने से उम्र बढ़ने के संकेत, जैसे झुर्रियां और बालों का सफ़ेद होना जैसे लक्षण कम होते हैं। तो, अपनी त्वचा की देखभाल के लिए आज से ही मखाना खाना शुरू कर दें।

 

(और पढ़ें - सात दिनों में झुर्रियों से छुटकारा पाएँ)

इसके कोई ज्ञात दुष्प्रभाव नहीं है, परंतु कब्ज में इसका ज़्यादा इस्तेमाल करने से आपका कब्ज खराब हो सकता है। आप इसका सेवन लंबी अवधि के लिए भी कर सकते है।

फटाफट इसे अपने दैनिक आहार में शामिल कीजिए और इसके स्वास्थ्य सुविधाओं का फ़ायदा उठाइए। प्रतिदिन मखाने का 25 ग्राम सेवन करने से शरीर निरोग रहता है।

सारांश -

मखाने मूल रूप से कमल के फूल का बीज है और  ये भारतीय मान्यताओं के अनुसार अपने आप में कई धार्मिक मूल्य रखता है। साथ ही ये धार्मिल मूल्य के अलावा कई प्रकार के पोषक तत्व का ख़जाना भी है। इसमें उपयुक्त मात्रा में विभिन्न प्रकार के पोषक तत्व, विटामिन और खजिन पाए जाते हैं। जैसे प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, मैग्नीशियम, फास्फोरस और पोटेशियम बहुत अधिक मात्रा में मौजूद होते हैं। वहीं दूसरे तरफ सोडियम और वसा कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बहुत कम होती है। इसमें मौजूद पोषक तत्व, खाद्य पदार्थ के रूप में कई मामलों में आपके स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभदायक हैं।

मखाने आपके हृदय और कि़डनी को स्वस्थ रखता है। साथ ही मधुमेह और उच्च रक्तचाप जैसी बीमारियों में सुधार लाने में भी मदद करता है। इसके अलावा यह क्रोध को कम करने, पाचन तंत्र को बेहतर बनाने में एवं कब्ज़ और दस्त में भी सहायक है। यह आपकी त्वचा से झुर्रियों और फैट को कर करता है और खूबसूरत त्वचा प्रदान करता है। इसके शांतिदायक गुण अनिद्रा की समस्या में बहुत प्रभावी हैं। इसकी सबसे बड़ी ख़ासियत ये है महिला और पुरूष में यौन विकार को ठीक करने में मदद करता है और बच्चा पैदा करने में भी मददगार है। अपने दैनिक आहार में कम से कम 25 ग्राम मखाना रोज़ाना खाएं। इसका कोई दुष्प्रभाव नहीं है और ये आपको एक बेहतर और स्वस्थ जीवन शैली प्रदान करता है।

मखाने की तासीर ठंडी होती है। इसे गर्मियों और सर्दियों दोनों मौसम में खाया जा सकता है। पर इसका सेवन अधिक मात्रा में न करें, इससे शरीर में किसी तरह की समस्या हो सकती है।

आप मखाने को भूनकर खा सकते हैं या उन्हें थोड़े घी में काला नमक डालकर फ्राइ कर सकते हैं जिसमें वे पॉपकॉर्न जैसे दिखेंगे। आप इसे नाश्ते के रूप में भी खा सकते हैं। यह मखाने खीर, मशरूम के साथ मलाईदार जैसे व्यंजनों में भी एक घटक के रूप में उपयोग किये जा सकते हैं। मखाने के साथ बने एक पेस्ट को जापानी और चीनी मिठाइयों में भी उपयोग किया जाता है। 

  • अगर आपके जोड़ों में दर्द है तो मखाने का सेवन करने से आपको दर्द से राहत मिल सकती है।
  • मखाने में प्रोटीन काफी अधिक मात्रा में मौजूद होता है। जो लोग अपने दैनिक आहार में प्रोटीन का सेवन अच्छे से नहीं कर पाते हैं उनके लिए मखानों का उपयोग करना लाभदायक हो सकता है।
  • यदि आपके शरीर में कैल्शियम की कमी है तो मखाने का सेवन करना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है।
  • मखाने में फ्लैवोनोइड्स (flavonoids) होते हैं, जो पौधों में माध्यमिक मेटाबोलाइट (secondary metabolites)  होते हैं। फ्लैवोनोइड्स सूजन और बैक्टीरिया को कम करता है ,जो शरीर की पूरी प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वास्थ्य बनाए रखता है।
  • जिन लोगों को कॉफ़ी पिने की लत है उनके लिए मखाने का सेवन करना काफी फायदेमंद हो सकता है क्यूंकि मखाना आपकी कफ पिने की आदत को खत्म करने में मदद करता है।

 

 

 


मखाने के अनोखे और अद्‌भुत लाभ सम्बंधित चित्र

और पढ़ें ...