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पेट की गैस एक अपशिष्ट गैस होती है जो पाचन के दौरान बनती है। गैस कई कारणों से बन सकती है लेकिन रोज-रोज गैस बनना बेहद गंभीर समस्या है। पेट में गैस बनने से रोकने के लिए आपको डाइट पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।

गैस बनने की समस्या आपकी डाइट पर भी निर्भर करती है। इस लेख में हमने आपको गैस बनने से रोकने के लिए क्या खाएं और क्या न खाएं के बारें में बताया है। अगर आप पेट में गैस बनने से रोकना चाहते हैं तो इस लेख में बताए गए परहेज पर ध्यान देना जरूरी है।

(और पढ़ें - पेट में गैस के इलाज)

तो चलिए आपको बताते हैं गैस बनने पर क्या खाएं और क्या न खाएं –

  1. गैस बनने पर क्या खाएं - Gas banne par kya khaye
  2. गैस बनने पर क्या न खाएं - Gas banne par kya na khaye

गैस बनने पर दही खाएं - Gas banne pr dahi khaye

दही में अच्छी मात्रा में कैल्शियम, प्रोटीन और कई फायदेमंद बैक्टीरिया होते हैं जिन्हें प्रोबायोटिक्स कहते हैं। प्रोबायोटिक्स लंबे समय से चली आ रही पेट की सूजन, पेट में मरोड़ (जो इर्रिटेबल बाउल सिंड्रोम से जुडी होती है) और दस्त के लक्षणों को कम करने में भी मदद करते हैं। पेट में गैस की समस्या को कम करने के लिए रोजाना दही खाएं।

(और पढ़ें - पेट की गैस का रामबाण इलाज​)

 

पेट में गैस बनने पर चावल खाना चाहिए - Pet me gas banne par chawal khana chahiye

चावल में कार्बोहाइड्रेट होता है जो कि ऊर्जा का अहम स्रोत है। साथ ही सभी साबुत अनाजों में अधिक मात्रा में पोषण और फाइबर होता है, चावल एक ऐसा अनाज है जिसको खाने से पेट में गैस नहीं बनती। अगर आपको काफी ज्यादा गैस बनती है, पेट में गैस से दर्द होता है और पेट फूलता है, तो आप अन्य अनाज की जगह ब्राउन राइस, बासमती राइस और जंगली चावल (wild rice) ले सकते हैं।

अगर सभी फाइबर से समृद्ध खाद्य पदार्थ आपके लक्षणों को और बढ़ा रहे हैं - जैसे डायरिया या पेट में ऐंठन (जो इंफ्लेमेटरी बाउल डिजीज से जुडी होती है) तो आप सफेद चावल खा सकते हैं। इस तरह आपके शरीर में फाइबर की मात्रा बढ़ जाएगी।

(और पढ़ें - पेट में गैस बनने पर क्या करना चाहिए)

गैस में फल और सब्जियां खाएं - Gas me fal aur sabjiya khaye

फलों और सब्जियों में कई एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जैसे बीटा कैरोटीन और विटामिन सी, इनसे आपके शरीर को बीमारियों और संक्रमण से लड़ने में मदद मिलती है। फाइबर युक्त आहार पेट में अल्सर का इलाज करती हैं। फाइबर युक्त फल जैसे रसभरी, सेब, नाशपाती, मटर, बीन्स, दाल, पालक आदि आप खा सकते हैं। अगर आपको सीने में जलन और एसिड रिफ्लक्स की समस्या रहती है, तो एसिडिक फूड न खाएं जैसे नींबू, संतरे का जूस और टमाटर से बने उत्पाद, इनसे पेट में गैस की समस्या और बढ़ सकती है। 

(और पढ़ें - पेट फूलने की समस्या के कारण)

पेट में गैस बनने पर सोया प्रोडक्ट खाएं - Pet me gas banne par soya product

सोया प्रोटीन से भरपूर फली है जिसका इस्तेमाल शाकाहारी और मांसाहारी आहारों में किया जाता है। बहुत से लोगों के शरीर में लैक्टोज को पचाने के लिए एंजाइम की कमी पाई जाती है, लैक्टोस एक ऐसी चीनी है जो गाय के दूध में प्राकृतिक रूप से उपलब्ध होती है।

अगर आप इनमें से एक हैं, तो आपको दूध पीने, चीज या अन्य डेयरी प्रोडक्ट का सेवन करने के बाद पेट में गैस, पेट फूलना और पेट दर्द हो सकता है। सोया आधारित दूध, दही और चीज आप पेट में गैस की समस्या के दौरान ले सकते हैं। 

(और पढ़ें - गर्भावस्था में गैस बनने के कारण)

गैस बनने पर अन्य आहार खाएं - Gas banne par any aahar khaye

ऊपर बताए गए आहारों के अलावा आप इन आहरों को भी पेट में गैस की समस्या में ले सकते हैं जैसे नींबू पानी, अजमोद, टमाटर, अदरक, केला, जैतून का तेल, दाल, खरबूजा, ब्राउन राइस, ओट्स, खीरा, बैंगन, बादाम, तरबूज, अंडे, सौंफ, डार्क चॉकलेट, ग्रीन टी, किवी, अनानास आदि।

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गैस बनने पर सेब न खाएं - Gas banne par seb na khaye

सेब फाइबर से समृद्ध होता है, जो कि पाचन को स्वस्थ रखने के लिए बेहद आवश्यक है। हालांकि कभी-कभी अधिक मात्रा में फाइबर खाने से जैसे सेब से आपको पेट में अत्यधिक गैस बन सकती है और पेट फूल सकता है। यह समस्या उन लोगों में बेहद आम है जिनकी लो फाइबर डाइट होती है।

सेब से गैस तब भी बन सकती है जब कोई व्यक्ति फ्रुक्टोस मालअब्सॉर्प्शन (Fructose malabsorption) से पीड़ित हो, इसमें आपके शरीर में प्राकृतिक शुगर अवशोषित नहीं हो पाता। फ्रुक्टोस मालअब्सॉर्प्शन से पेट फूल सकता है, डायरिया और अन्य पेट से जुडी समस्याएं हो सकती हैं।

(और पढ़ें - पेट में इन्फेक्शन का इलाज​)

पेट में गैस होने पर दूध न पिएं - Pet me gas hone par doodh na piye

दूध में कैल्शियम और विटामिन डी होता है, साथ ही इसमें कई तरह के प्रोटीन होते हैं जैसे कैसीन (Casein) और व्हे (Whey)। अगर आपकी पाचन क्रिया सही तरह से कार्य नहीं कर रही है तो प्रोटीन को तोड पाना थोड़ा मुश्किल होता है। इस वजह से पेट में गैस की समस्या शुरू हो जाती है।

(और पढ़ें - पाचन क्रिया मजबूत करने के उपाय)

गैस होने पर प्याज न खाएं - Gas hone par pyaj na khaye

प्याज में फ्रुक्टोस काफी मात्रा में होता है, यह प्राकृतिक चीनी है जो कई फलों और सब्जियों में मौजूद होती है। अगर फ्रुक्टोस खून में अच्छे से अवशोषित नहीं होता है, तो यह आंत के निचले हिस्से में जमा होने लग जाता है, जिसके कारण वहां मौजूद बैक्टीरिया उसे खा लेते हैं।

जब बैक्टीरिया फ्रुक्टोस को खा लेते हैं, तो मिथेन का उत्पादन होने लगता है, इस वजह से आपका पेट फूलता है, गैस बनती है और पेट में फिर दर्द शुरू होने लगता है। पेट में गैस बनने से मुंह से बदबू भी आती है।   

(और पढ़ें - पेट के रोग का इलाज​)

पेट की गैस में टमाटर न खाएं - Pet ki gas me tamatar khaye

टमाटर में प्राकृतिक एसिड अधिक मात्रा में होता है, जिसकी वजह से पेट के एसिड का उत्पादन उत्तेजित हो जाता है, इस कारणवश पेट में गैस और पेट फूलने की समस्या शुरू हो जाती है। आप टमाटर का इस्तेमाल अलग तरीके से कर सकते हैं जैसे टमाटर को पानी में कुछ देर उबालकर, फिर उसके छिलके को निकालकर टमाटर को सब्जी बनाने के लिए उपयोग कर सकते हैं। इससे टमाटर आसानी से पच जाएगा।

(और पढ़ें - पेट खराब होने के उपाय)

गैस होने पर अन्य आहार न खाएं - Gas hone par any aahar na khaye

ऊपर बताए गए खाद्य पदार्थों के अलावा इन खाद्य पदार्थों को भी न खाएं जैसे नट्स, आर्टिफिशियल स्वीटनर, एवोकाडो, आम, डेयरी उत्पाद आदि।    

(और पढ़ें - पेट में अल्सर के घरेलू उपाय)

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